§1यह बिज़नेस क्या है
शोरूम बनाने वालों से तैयार फ़र्नीचर ख़रीदकर सोफ़े, डाइनिंग टेबल-कुर्सियाँ, पलंग और अलमारियाँ, कॉफ़ी टेबल और टीवी स्टैंड, और सजावटी सामान (ख़ास कुर्सियाँ, ओटोमन, पूफ़, बेंच) बेचता है। ख़रीदार हैं नया घर बसाने या सजाने वाले परिवार, नवविवाहित जोड़े, होटल, होमस्टे और दफ़्तर।
क्षमता: साल में 1,755 नग; बिक्री ₹126.90 लाख (सजावटी फ़र्नीचर 27%, डाइनिंग 27%, सोफ़े 21%, बेडरूम 15%, बैठक 10%)।
§2क्या यह आपके लिए है?
किसके लिए
डिज़ाइन की समझ, अच्छे सप्लायर संपर्क और बड़ा डिस्प्ले रखने लायक़ पूँजी वाला व्यक्ति।
किसके लिए नहीं
कम पूँजी या तंग दुकान वाला — फ़र्नीचर को फ़र्श की जगह चाहिए।
फ़ायदे
- हर बिक्री बड़ी रक़म की
- नए घर, शादियाँ और होटल माँग बनाए रखते हैं
- ख़ास ऑर्डर के लिए स्थानीय बढ़इयों से जुड़ सकते हैं
- ब्रेक-ईवन योजना की बिक्री के आधे से कम पर
नुकसान
- बड़ा स्टॉक और शोरूम की जगह चाहिए
- भारी सामान — ढुलाई और टूट-फूट का ख़र्च
- ऑनलाइन फ़र्नीचर ब्रांड कड़ी होड़ करते हैं
- प्रोफ़ाइल में शुद्ध मार्जिन लगभग 6% ही
कौन-से हुनर चाहिए
- स्थानीय रूप से बिकने वाले डिज़ाइन चुनना
- फ़र्नीचर बनाने वालों से मोल-भाव
- डिलीवरी और फ़िटिंग की योजना
- शोरूम में बिक्री
कठिनाई 3/5 क्यों: बड़ी पूँजी और जगह, भारी स्टॉक और ऑनलाइन से कड़ी होड़।
§3बाज़ार
कौन ख़रीदता है
- नया या सजाया घर बसाने वाले परिवार
- नवविवाहित जोड़े
- होटल, होमस्टे और दफ़्तर
कैसे बिकता है
- शोरूम में बिक्री
- घर तक डिलीवरी और फ़िटिंग
- इंटीरियर डिज़ाइनरों और बिल्डरों के ज़रिए ऑर्डर
जानने लायक
- योजना की ₹126.90 लाख की बिक्री में सजावटी और डाइनिंग फ़र्नीचर 27%-27% हैं।
§4कच्चा माल और मशीनें
| सामान | संख्या | लागत |
|---|---|---|
| डिस्प्ले शेल्फ़ और दीवार यूनिट | 10 | ₹1,50,000 |
| डिस्प्ले टेबल (कॉफ़ी और साइड टेबल) | 10 | ₹1,00,000 |
| डिस्प्ले अलमारियाँ | 5 | ₹25,000 |
| सामने के शीशे | 8 | ₹1,20,000 |
| बिक्री काउंटर | — | ₹25,000 |
| आईने | — | ₹75,000 |
| रोशनी | 20 | ₹6,00,000 |
स्रोत: Uttarakhand DUY project profile — Furniture Shop
- तैयार फ़र्नीचर — सोफ़े, डाइनिंग सेट, पलंग, अलमारियाँ, मेज़, ख़ास कुर्सियाँफ़र्नीचर बनाने वालों और थोक विक्रेताओं से
§5लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन
- दुकान और प्रतिष्ठान लाइसेंस
- स्थानीय अग्निशमन विभाग से अग्नि सुरक्षा प्रमाणपत्र
- GST पंजीकरण
- नगर निकाय से ट्रेड लाइसेंस
§6योजनाएँ और सब्सिडी
CGTMSE ₹37.05 लाख के बैंक कर्ज़ को बिना गिरवी गारंटी देता है; स्टैंड-अप इंडिया SC/ST और महिला उद्यमियों के लिए है। MUDRA की ₹20 लाख की सीमा इस प्रोजेक्ट का केवल एक हिस्सा देती है।
§7पैसा
निवेश का आधार: शुरुआती ख़र्च ₹1.10 लाख + फ़र्नीचर और फ़िक्सचर ₹10.95 लाख + कार्यशील पूँजी ₹49.70 लाख = ₹61.75 लाख। प्रवर्तक ₹24.70 लाख, बैंक ₹37.05 लाख (60%)।
चालू पूँजी (वर्किंग कैपिटल): ₹61.75 लाख के प्रोजेक्ट में ₹49.70 लाख डिस्प्ले और स्टॉक के लिए कार्यशील पूँजी है।
प्रोफ़ाइल पर साल नहीं छपा है — आज के दाम पता करें।
§8निर्यात की संभावना
यह स्थानीय दुकान है; इससे माल का निर्यात नहीं होता।
§9जोखिम — लोग कहाँ नाकाम होते हैं
- धीरे बिकने वाला सामान नकदी रोक लेना
- ढुलाई और भंडारण में टूट-फूट
- ऑनलाइन ब्रांडों से दाम की होड़
- लकड़ी और कपड़े से भरे शोरूम में आग
§1030 / 60 / 90 दिन की योजना
यह आम योजना है, जो हर बिज़नेस पर लागू होती है। इस बिज़नेस की ख़ास योजना शोध के बाद जोड़ी जाएगी।
- दिन 1–30: फ़र्नीचर की दुकान (शोरूम) की एक चालू यूनिट देखने जाएँ, 10 खरीदारों से दाम और मात्रा पूछें, और 3 सप्लायरों से कोटेशन लें।
- दिन 31–60: Udyam (उद्यम) रजिस्ट्रेशन और ज़रूरी लाइसेंस (दुकान और प्रतिष्ठान लाइसेंस, स्थानीय अग्निशमन विभाग से अग्नि सुरक्षा प्रमाणपत्र), प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR), और योजना या लोन की फ़ाइल।
- दिन 61–90: जगह और मशीनें, ट्रायल उत्पादन, और पहले 10 ग्राहकों तक माल।
§11किससे जुड़ें
एसोसिएशन, क्लस्टर और ट्रेनिंग संस्थान — इनकी सूची बन रही है। जुड़ें
§12देखें
इस बिज़नेस पर अभी कोई एपिसोड नहीं आया है। पॉडकास्ट पर शो जल्द आ रहे हैं।
फ़र्नीचर की दुकान (शोरूम) शुरू करना है?
DPR, लोन फ़ाइल या रजिस्ट्रेशन — WhatsApp पर पूछें।
¶स्रोत
डेटा की समीक्षा: 6 अक्टूबर 2026. कोई गलती दिखी? हमें बताएँ. सिर्फ़ जानकारी के लिए — यह कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं है।
