§1यह बिज़नेस क्या है
वनस्पति-टैन्ड चमड़ा घिसकर क्लिकिंग प्रेस पर तय पैटर्न में काटा जाता है, मोटाई में चीरा जाता है, गीला करके गरम मोल्डिंग प्रेस में आकार दिया जाता है, गरम कक्ष में सुखाकर काटा-छाँटा जाता है। बगल के पल्ले, रकाब के पट्टे और कसन पट्टा लगाकर काठी पर रंगीन लाख छिड़का जाता है। यह धंधा कानपुर, मेरठ और अंबाला में केंद्रित है, और चमड़ा फ़िल्लौर, जालंधर, कैथल, कोलकाता, कानपुर और मेरठ से आता है। रेस क्लब, रक्षा और पुलिस विभाग, घुड़सवारी और खेल स्कूल और निर्यात ख़रीदार काठी ख़रीदते हैं।
क्षमता: साल में 60,000 काठी और साज़ के नग, मूल्य ₹1.89 करोड़।
§2क्या यह आपके लिए है?
किसके लिए
कानपुर, मेरठ या अंबाला का व्यक्ति जिसके पास काठी का हुनर या घुड़सवारी ख़रीदारों से संपर्क हो।
किसके लिए नहीं
जिसका घुड़सवारी, पुलिस, सेना या निर्यात ख़रीदारों से कोई जुड़ाव न हो।
फ़ायदे
- मशीनों पर कम ख़र्च — ज़्यादातर पैसा चमड़े के स्टॉक में
- पक्के संस्थागत ख़रीदार: पुलिस, सेना, रेस क्लब
- प्रोफ़ाइल के अनुसार काठी का निर्यात दूसरे चमड़ा सामान से तेज़ बढ़ा
- काठी बनाने में प्रदूषण नहीं
नुकसान
- छोटा, ख़ास बाज़ार
- कुशल काठी कारीगर चाहिए
- मशीनों की तुलना में कार्यशील पूँजी बड़ी
- निर्यात ख़रीदार ऊँची फ़िनिश और सही नाप चाहते हैं
कौन-से हुनर चाहिए
- चमड़े का पैटर्न काटना और ढालना
- हाथ से फ़िनिश और पट्टे-बकल लगाना
- घुड़सवारी उपकरणों की जानकारी
- निर्यात और टेंडर का काम
कठिनाई 3/5 क्यों: कम मशीनें, पर ख़ास बाज़ार और कुशल दस्तकारी।
§3बाज़ार
कौन ख़रीदता है
- रेस क्लब और घुड़सवारी स्कूल
- रक्षा और पुलिस विभाग
- मॉडल और खेल स्कूल
- विदेशी घुड़सवारी सामान आयातक
कैसे बिकता है
- सरकारी टेंडर
- क्लबों और स्कूलों को सीधी आपूर्ति
- निर्यात ऑर्डर
जानने लायक
- प्रोफ़ाइल के अनुसार काठी और साज़ का निर्यात 32.04% बढ़ा, जबकि कुल चमड़ा और चमड़ा उत्पाद 29.52%।
- दो तरह की काठी बनती है: सामान्य उपयोग की और शो-जंपिंग की।
§4कच्चा माल और मशीनें
| सामान | संख्या | लागत |
|---|---|---|
| कटिंग डाई सहित हाइड्रॉलिक क्लिकिंग प्रेस, 1.5 HP | 1 | ₹80,000 |
| हीटिंग और साँचों सहित हाइड्रॉलिक मोल्डिंग प्रेस | 1 | ₹75,000 |
| भारी चमड़ा चीरने की मशीन, 60 सेमी | 1 | ₹25,000 |
| धूल हटाने की व्यवस्था सहित बफ़िंग मशीन | 1 | ₹25,000 |
| ट्रिमिंग मशीन | 1 | ₹15,000 |
| दो गन और कंप्रेसर सहित स्प्रे बूथ | 1 set | ₹15,000 |
| सुखाने का गरम कक्ष | 1 | ₹15,000 |
| पट्टा काटने की मशीन | 1 | ₹10,000 |
स्रोत: DC-MSME project profile — Saddlery and Harness (2003)
- वनस्पति-टैन्ड चमड़ा20,000 किग्रा महीना, ₹60 प्रति किग्रा (प्रति काठी 4 किग्रा, महीने में 5,000 नग)
- पिगमेंट, बाइंडर, लाख, पट्टे, बकल और अन्य फ़िटिंग₹20 प्रति नग
स्रोत: DC-MSME project profile — Saddlery and Harness (2003)
Building Business Bazaar में सप्लायर
S.P. Engg. Co · Kanpur →Asia Tannery · Kanpur →Balmer Laurie and Co · Chennai →Benson Industries · Howrah →Bharat Sales Agenices · Mumbai →Clariant (India) Ltd · Kolkata →Dayer (India) Ltd · Chennai →Harman Sales Pvt. Ltd · Mumbai →Ideal Udyog · Agra →Indo-German Shoe Machine Co.(P) Ltd · Mumbai →Indofil Chemical Ltd · Mumbai →Pioneer Tannery · Kanpur →
§5लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन
- उद्यम (Udyam)
- GST
- ट्रेड लाइसेंस
- निर्यात के लिए आयातक-निर्यातक कोड (IEC)
- ख़रीदार माँगें तो BIS मानक IS 1637
§6योजनाएँ और सब्सिडी
लगभग ₹52 लाख की परियोजना PMEGP की ₹50 लाख सीमा से ज़रा ऊपर है; CGTMSE (बिना गिरवी गारंटी) और स्टैंड-अप इंडिया (SC/ST और महिलाओं के लिए ₹10 लाख–₹1 करोड़) लागू।
§7पैसा
निवेश का आधार: DC-MSME प्रोफ़ाइल: ज़मीन और भवन ₹8.00 लाख + मशीनरी और उपकरण ₹3.00 लाख (क्लिकिंग प्रेस ₹0.80 लाख, मोल्डिंग प्रेस ₹0.75 लाख) + शुरुआती ख़र्च ₹0.10 लाख = स्थायी पूँजी ₹11.10 लाख; 3 महीने की कार्यशील पूँजी ₹40.53 लाख; कुल ₹51.63 लाख।
चालू पूँजी (वर्किंग कैपिटल): 3 महीने के लिए ₹40.53 लाख; वनस्पति-टैन्ड चमड़ा (20,000 किग्रा महीना, 4 किग्रा प्रति काठी) ₹12.00 लाख महीना।
दाम 2003 के हैं — मशीनरी, ज़मीन और कच्चे माल की लागत अब काफ़ी ज़्यादा होगी।
§8निर्यात की संभावना
निर्यात से पहले HS कोड DGFT ITC(HS) सूची में पक्का करें
निर्यात परिषद / बोर्ड: Council for Leather Exports (CLE)
- निर्यात वाली काठी ख़रीदार के ट्री-नाप और फ़िटिंग से मेल खानी चाहिए।
- माल भेजने से पहले 8 अंकों की ITC(HS) लाइन DGFT या अपने कस्टम ब्रोकर से पक्की कर लें।
§9जोखिम — लोग कहाँ नाकाम होते हैं
- कुछ ही बड़े ख़रीदार
- वनस्पति-टैन्ड चमड़े का दाम
- नाप या फ़िनिश पर अस्वीकृति
- लंबे टेंडर चक्र
§1030 / 60 / 90 दिन की योजना
यह आम योजना है, जो हर बिज़नेस पर लागू होती है। इस बिज़नेस की ख़ास योजना शोध के बाद जोड़ी जाएगी।
- दिन 1–30: घोड़े की काठी और साज़ (सैडलरी और हार्नेस) की एक चालू यूनिट देखने जाएँ, 10 खरीदारों से दाम और मात्रा पूछें, और 3 सप्लायरों से कोटेशन लें।
- दिन 31–60: Udyam (उद्यम) रजिस्ट्रेशन और ज़रूरी लाइसेंस (उद्यम (Udyam), GST), प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR), और योजना या लोन की फ़ाइल।
- दिन 61–90: जगह और मशीनें, ट्रायल उत्पादन, और पहले 10 ग्राहकों तक माल।
§11किससे जुड़ें
एसोसिएशन, क्लस्टर और ट्रेनिंग संस्थान — इनकी सूची बन रही है। जुड़ें
§12देखें
इस बिज़नेस पर अभी कोई एपिसोड नहीं आया है। पॉडकास्ट पर शो जल्द आ रहे हैं।
घोड़े की काठी और साज़ (सैडलरी और हार्नेस) शुरू करना है?
DPR, लोन फ़ाइल या रजिस्ट्रेशन — WhatsApp पर पूछें।
¶स्रोत
डेटा की समीक्षा: 6 अक्टूबर 2026. कोई गलती दिखी? हमें बताएँ. सिर्फ़ जानकारी के लिए — यह कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं है।
