§1यह बिज़नेस क्या है
ताँबा, टिन और ग्रेफ़ाइट के पाउडर बॉल मिल में मिलाए जाते हैं, साँचों में दबाकर 'कच्चे' बुश बनते हैं, फिर सुरक्षात्मक गैस में मेश-बेल्ट भट्ठी पर 440–450°C पर प्री-सिंटर और लगभग 800°C पर सिंटर किए जाते हैं। सटीक नाप के लिए पुर्ज़ों को फिर दबाया और साइज़ किया जाता है, फिर गर्म न चिपकने वाले तेल में डुबोया जाता है, जो छिद्रों में भर जाता है ताकि बुश ख़ुद चिकनाई दे। बुश IS 3980 के अनुसार जाँचे जाते हैं। ये छोटी मोटरों, पंपों, वॉशिंग मशीन, फ़्रिज, घड़ियों और ऑटोमोबाइल, कपड़ा और खेती की मशीनों में लगते हैं।
क्षमता: 75% उपयोग पर साल में 90,000 काँसे के बुश (बाहरी व्यास 43 mm × भीतरी 38 mm × ऊँचाई 40 mm, पंपों के लिए)।
§2क्या यह आपके लिए है?
किसके लिए
इंजीनियर या पाउडर-धातुकर्म का जानकार जिसके ख़रीदार मोटर, पंप और उपकरण बनाने वाले हों।
किसके लिए नहीं
तकनीकी प्रशिक्षण के बिना व्यक्ति — घनत्व, नाप और तेल की मात्रा पर नियंत्रण चाहिए।
फ़ायदे
- मूल्य-वृद्धि ऊँची — पाउडर तैयार बेयरिंग बनता है
- मोटर, पंप, घरेलू उपकरण और ऑटो से माँग
- लगभग अंतिम आकार, सामग्री की बर्बादी कम
- कार्यशील पूँजी कम
नुकसान
- प्रोफ़ाइल में अकेली सिंटरिंग भट्ठी ₹20.25 लाख की
- हर नाप के बुश के लिए अलग सटीक साँचा चाहिए
- सुरक्षात्मक गैस और तापमान का कड़ा नियंत्रण चाहिए
- बड़े बेयरिंग निर्माता दाम पर मुक़ाबला करते हैं
कौन-से हुनर चाहिए
- पाउडर मिलाना और साँचे में दबाना
- सिंटरिंग भट्ठी चलाना
- साइज़िंग और तेल भराई
- IS 3980 के अनुसार जाँच
कठिनाई 4/5 क्यों: महँगी भट्ठी वाली तकनीकी प्रक्रिया, पर उद्योगों से लगातार माँग।
§3बाज़ार
कौन ख़रीदता है
- छोटे HP की मोटर बनाने वाले
- पंप बनाने वाले
- घरेलू उपकरण बनाने वाले (वॉशिंग मशीन, फ़्रिज, घड़ी)
- ऑटोमोबाइल, कपड़ा और खेती मशीनरी बनाने वाले
कैसे बिकता है
- निर्माताओं को सीधी सप्लाई
- बेयरिंग और स्पेयर-पार्ट डीलर
जानने लायक
- प्रोफ़ाइल के अनुसार स्वयं चिकनाई वाले काँसे के बेयरिंग सबसे ज़्यादा छोटे HP की मोटरों में लगते हैं।
- प्रोफ़ाइल ऑटोमोबाइल और घरेलू उपकरणों के साथ माँग बढ़ती देखती है।
§4कच्चा माल और मशीनें
| सामान | संख्या | लागत |
|---|---|---|
| मेश-बेल्ट सिंटरिंग भट्ठी, 8.2 kW, सहायक सामान सहित | 1 | ₹20,25,000 |
| मैकेनिकल पावर प्रेस, 20 T | 1 | ₹3,80,000 |
| दोबारा दबाने वाला पावर प्रेस, 10 T | 1 | ₹2,60,000 |
| ब्रिकेटिंग प्रेस, 1 T | 1 | ₹1,25,000 |
| बॉल मिल, 500 किलो | 1 | ₹70,000 |
| यूनिवर्सल टेस्टिंग मशीन | 1 | ₹3,75,000 |
| एयर कंप्रेसर, 3 HP | 1 | ₹20,000 |
| तेल क्वेंचिंग टंकियाँ, 4 × 2 × 2 फ़ुट | 2 | ₹16,000 |
| साँचे और अन्य औज़ार | 1 lot | ₹25,000 |
स्रोत: DC-MSME project profile — Sintered Metal Bush (2003)
- इलेक्ट्रोलिटिक ग्रेड ताँबा पाउडरप्रोफ़ाइल में महीने में 404 किलो, ₹175 प्रति किलो
- एटमाइज़्ड टिन पाउडरप्रोफ़ाइल में महीने में 36 किलो, ₹220 प्रति किलो
- ग्रेफ़ाइट पाउडरप्रोफ़ाइल में महीने में 7.5 किलो, ₹160 प्रति किलो
- भराई के लिए न चिपकने वाला पेट्रोलियम तेलप्रोफ़ाइल में महीने में 12 लीटर, ₹36 प्रति लीटर
- भट्ठी के वातावरण के लिए हाइड्रोकार्बन गैस सिलेंडरप्रोफ़ाइल में महीने में 15, ₹260 प्रति सिलेंडर
स्रोत: DC-MSME project profile — Sintered Metal Bush (2003)
Building Business Bazaar में सप्लायर
Benco Hydraulics Ltd · Chennai →Bhandari Metallurgical Corporation Ltd · Chennai →Bombay Metal Depot · Chennai →Murugappa Morzan Thermal · Chennai →Padmavathy Metal and Alloy Pvt. Ltd · Chennai →Ruia Resistance Wires Pvt. Ltd · Mumbai →Thermotherm Engineers · Bengaluru →
§5लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन
- उद्यम (Udyam) पंजीकरण
- GST
- राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की सहमति (भट्ठी का धुआँ)
- कारख़ाना अधिनियम के तहत फ़ैक्टरी लाइसेंस
- गैस सिलेंडरों के सुरक्षित भंडारण की मंज़ूरी (जहाँ PESO नियम लागू हों)
§6योजनाएँ और सब्सिडी
प्रोफ़ाइल की परियोजना लागत (₹53.57 लाख) विनिर्माण के लिए PMEGP की सीमा से थोड़ी ऊपर है; CGTMSE बिना गिरवी कर्ज़ देता है, और SC/ST या महिला उद्यमियों के लिए Stand-Up India उपयुक्त है।
§7पैसा
निवेश का आधार: DC-MSME प्रोफ़ाइल (शाखा SISI मंगलौर, फ़रवरी 2003): 500 वर्ग मीटर ज़मीन ₹2.00 लाख और 2,000 वर्ग फ़ुट शेड ₹6.00 लाख, मशीनें और उपकरण ₹39.17 लाख (₹20.25 लाख की सिंटरिंग भट्ठी सहित) = स्थायी पूँजी ₹47.01 लाख, साथ में 3 महीने की कार्यशील पूँजी ₹6.56 लाख = ₹53.57 लाख।
चालू पूँजी (वर्किंग कैपिटल): कार्यशील पूँजी कम — 3 महीने की ₹6.56 लाख; पाउडर महीने में लगभग ₹80,000 के (मुख्यतः 404 किलो इलेक्ट्रोलिटिक ताँबा पाउडर ₹175 प्रति किलो)।
दाम 2003 के हैं — आज मशीन, कच्चे माल और मज़दूरी की लागत काफ़ी ज़्यादा होगी।
§8निर्यात की संभावना
निर्यात से पहले HS कोड DGFT ITC(HS) सूची में पक्का करें
निर्यात परिषद / बोर्ड: EEPC India
- प्रोफ़ाइल में HS कोड नहीं छपा; 8 अंकों वाली ITC(HS) लाइन DGFT या कस्टम ब्रोकर से पक्की करें।
- पहली खेप से पहले DGFT से आयात-निर्यात कोड (IEC) लेना ज़रूरी है।
§9जोखिम — लोग कहाँ नाकाम होते हैं
- ताँबा और टिन पाउडर के दाम में उतार-चढ़ाव
- दरार या ग़लत घनत्व से माल रिजेक्ट होना
- कुछ बड़े निर्माता ख़रीदारों पर निर्भरता
- साँचे का घिसना
§1030 / 60 / 90 दिन की योजना
यह आम योजना है, जो हर बिज़नेस पर लागू होती है। इस बिज़नेस की ख़ास योजना शोध के बाद जोड़ी जाएगी।
- दिन 1–30: सिंटर्ड काँसे के बुश (स्वयं चिकनाई वाले बेयरिंग) की एक चालू यूनिट देखने जाएँ, 10 खरीदारों से दाम और मात्रा पूछें, और 3 सप्लायरों से कोटेशन लें।
- दिन 31–60: Udyam (उद्यम) रजिस्ट्रेशन और ज़रूरी लाइसेंस (उद्यम (Udyam) पंजीकरण, GST), प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR), और योजना या लोन की फ़ाइल।
- दिन 61–90: जगह और मशीनें, ट्रायल उत्पादन, और पहले 10 ग्राहकों तक माल।
§11किससे जुड़ें
एसोसिएशन, क्लस्टर और ट्रेनिंग संस्थान — इनकी सूची बन रही है। जुड़ें
§12देखें
इस बिज़नेस पर अभी कोई एपिसोड नहीं आया है। पॉडकास्ट पर शो जल्द आ रहे हैं।
सिंटर्ड काँसे के बुश (स्वयं चिकनाई वाले बेयरिंग) शुरू करना है?
DPR, लोन फ़ाइल या रजिस्ट्रेशन — WhatsApp पर पूछें।
¶स्रोत
डेटा की समीक्षा: 6 अक्टूबर 2026. कोई गलती दिखी? हमें बताएँ. सिर्फ़ जानकारी के लिए — यह कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं है।
