§1यह बिज़नेस क्या है
माइल्ड स्टील की चादर पर निशान लगाकर उसे काटा, मोड़ा और वेल्ड करके बक्सा बनाया जाता है, पाउडर कोटिंग की जाती है और उसमें DC मोटर की पटरी पर स्टेनलेस स्टील की ट्रे, UV-C बल्ब, रिले और टाइमर वाला कंट्रोल बोर्ड, प्रॉक्सिमिटी सेंसर, बज़र और LED संकेतक लगाकर तार जोड़े और जाँचे जाते हैं। 20 लीटर का हर बक्सा (ट्रे 16 × 15 × 6 इंच) सब्ज़ियाँ, नोट, चाबियाँ, मास्क, काग़ज़ात जैसी चीज़ों को UV-C रोशनी से कीटाणुरहित करता है। प्रोफ़ाइल कोविड-19 के दौरान लिखी गई थी।
क्षमता: साल में 3,600 बक्से (महीने में 300), ₹18,000 हर एक — ₹6.48 करोड़।
§2क्या यह आपके लिए है?
किसके लिए
शीट-मेटल या इलेक्ट्रॉनिक्स के काम में लगा इलेक्ट्रिकल या मैकेनिकल इंजीनियर, जिसके संस्थागत ख़रीदार हों।
किसके लिए नहीं
नया व्यक्ति, जो महामारी के समय के उत्पाद पर सब कुछ लगा दे।
फ़ायदे
- अस्पतालों, क्लिनिकों, बैंकों, दफ़्तरों और घरों के लिए उपयोगी (प्रोफ़ाइल)
- शीट-मेटल वर्कशॉप दूसरा फ़ैब्रिकेशन काम भी ले सकती है
- प्रदूषण सहमति की ज़रूरत नहीं — सफ़ेद श्रेणी (प्रोफ़ाइल)
- अपना डिज़ाइन और अपना ब्रांड
नुकसान
- माँग कोविड-19 से बनी थी और कम हो चुकी हो सकती है
- UV कीटाणुनाशक का कोई BIS मानक नहीं (प्रोफ़ाइल), इसलिए ख़रीदार दावों पर शक कर सकते हैं
- ग़लत इस्तेमाल पर UV-C रोशनी त्वचा और आँखों को नुक़सान पहुँचाती है
- एक ही उत्पाद पर ₹1.82 करोड़ का बड़ा दाँव
कौन-से हुनर चाहिए
- शीट-मेटल फ़ैब्रिकेशन और पाउडर कोटिंग
- कंट्रोल सर्किट और सेंसर की वायरिंग
- UV-C मात्रा और सुरक्षा का डिज़ाइन
- मान्यता प्राप्त लैब से कीटाणु मारने की जाँच रिपोर्ट लेना
कठिनाई 4/5 क्यों: फ़ैब्रिकेशन आसान है, पर माँग अनिश्चित है और उत्पाद का कोई BIS मानक नहीं।
§3बाज़ार
कौन ख़रीदता है
- अस्पताल और क्लिनिक (मास्क, PPE, दवाएँ)
- बैंक (नोट, चेक, काग़ज़ात)
- दफ़्तर, रेस्तराँ और अपार्टमेंट
- घर (सब्ज़ियाँ, चाबियाँ, नोट)
कैसे बिकता है
- संस्थाओं को सीधी बिक्री
- चिकित्सा और बिजली उपकरण डीलर
- ऑनलाइन बाज़ार
जानने लायक
- प्रोफ़ाइल तकनीकी जानकारी DRDO प्रयोगशालाओं से और कीटाणु मारने की जाँच NPL, नई दिल्ली जैसी NABL मान्यता प्राप्त लैब से कराने का सुझाव देती है।
- प्रोफ़ाइल कहती है कि ICMR की मंज़ूरी से ख़रीदारों का भरोसा बढ़ेगा।
§4कच्चा माल और मशीनें
| सामान | संख्या | लागत |
|---|---|---|
| हाइड्रोलिक वेरिएबल-रेक-एंगल शियरिंग मशीन, 3,000 mm | 1 | ₹7,50,000 |
| हाइड्रोलिक प्रेस ब्रेक, 100 टन / 3,000 mm, NC बैक गेज | 1 | ₹8,70,000 |
| 3-रोल हाइड्रोलिक प्लेट रोलिंग मशीन | 1 | ₹16,90,000 |
| अन्य औज़ार और सामान | एकमुश्त | ₹94,200 |
| दफ़्तर का फ़र्नीचर, औज़ार, फ़िक्सचर और जाँच उपकरण | एकमुश्त | ₹4,00,000 |
स्रोत: MSME-DI Hyderabad project profile — UV Tubelight Sterilization Contactless Disinfector Box (2020)
- MS चादर (1.0–3.0 mm)चार मोटाइयों में महीने में 9,300 kg, ₹10.16 लाख
- रिले और टाइमर वाले PCBमहीने में 300, ₹9.60 लाख
- UV-C बल्बमहीने में 1,500 (हर बक्से में 5), ₹8.25 लाख
- पटरी वाली स्टेनलेस स्टील ट्रेमहीने में 300, ₹3.30 लाख
- प्रॉक्सिमिटी स्विचमहीने में 600, ₹1.44 लाख
- DC मोटर, रबर गैस्केट, आपात स्विच, LED संकेतक₹2.23 लाख महीना
- पाउडर कोटिंग₹1.25 लाख महीना
स्रोत: MSME-DI Hyderabad project profile — UV Tubelight Sterilization Contactless Disinfector Box (2020)
Building Business Bazaar में सप्लायर
§5लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन
- उद्यम (Udyam)
- GST
- NABL मान्यता प्राप्त लैब से कीटाणु मारने की जाँच रिपोर्ट (प्रोफ़ाइल)
- ISO 15858 के अनुसार UV-C सुरक्षा (प्रोफ़ाइल)
- कामगारों की संख्या सीमा पार करे तो फ़ैक्टरी लाइसेंस
§6योजनाएँ और सब्सिडी
CGTMSE और स्टैंड-अप इंडिया लागू। ₹1.82 करोड़ का प्रोजेक्ट PMEGP की ₹50 लाख सीमा से ऊपर है।
§7पैसा
निवेश का आधार: स्थायी पूँजी ₹50 लाख (शियरिंग मशीन ₹7.50 लाख, प्रेस ब्रेक ₹8.70 लाख, 3-रोल हाइड्रोलिक रोलिंग मशीन ₹16.90 लाख, GST ₹5.96 लाख, औज़ार ₹94,200 = ₹40 लाख; दफ़्तर, औज़ार और जाँच उपकरण ₹4 लाख; बिजली फ़िटिंग ₹4 लाख; शुरुआती ख़र्च ₹2 लाख) + 3 महीने की कार्यशील पूँजी ₹1.32 करोड़ = ₹1.82 करोड़। भवन किराए का।
चालू पूँजी (वर्किंग कैपिटल): हर महीने का ख़र्च ₹44.02 लाख: कच्चा माल ₹36.22 लाख (कंट्रोल बोर्ड ₹9.60 लाख, UV-C बल्ब ₹8.25 लाख, MS चादर, SS ट्रे, मोटर, सेंसर, पाउडर कोटिंग), वेतन ₹3.50 लाख, बिजली-पानी ₹30,000, अन्य ₹4 लाख (इसमें ₹2 लाख बिक्री और विज्ञापन)।
जून 2020 में कोविड-19 की माँग के लिए बनी — जाँचें कि वह माँग अब भी है या नहीं, और किस दाम पर।
§8निर्यात की संभावना
निर्यात परिषद / बोर्ड: Not verified yet
- अभी तक किसी आधिकारिक सूची से HS कोड या निर्यात संस्था की जाँच नहीं हुई है।
§9जोखिम — लोग कहाँ नाकाम होते हैं
- महामारी के बाद माँग गिरना
- कीटाणुनाशन के दावे साबित न होना
- UV-C रोशनी से चोट
- बल्ब और बोर्ड का बड़ा स्टॉक
§1030 / 60 / 90 दिन की योजना
यह आम योजना है, जो हर बिज़नेस पर लागू होती है। इस बिज़नेस की ख़ास योजना शोध के बाद जोड़ी जाएगी।
- दिन 1–30: UV-C कीटाणुनाशक बॉक्स निर्माण की एक चालू यूनिट देखने जाएँ, 10 खरीदारों से दाम और मात्रा पूछें, और 3 सप्लायरों से कोटेशन लें।
- दिन 31–60: Udyam (उद्यम) रजिस्ट्रेशन और ज़रूरी लाइसेंस (उद्यम (Udyam), GST), प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR), और योजना या लोन की फ़ाइल।
- दिन 61–90: जगह और मशीनें, ट्रायल उत्पादन, और पहले 10 ग्राहकों तक माल।
§11किससे जुड़ें
एसोसिएशन, क्लस्टर और ट्रेनिंग संस्थान — इनकी सूची बन रही है। जुड़ें
§12देखें
इस बिज़नेस पर अभी कोई एपिसोड नहीं आया है। पॉडकास्ट पर शो जल्द आ रहे हैं।
UV-C कीटाणुनाशक बॉक्स निर्माण शुरू करना है?
DPR, लोन फ़ाइल या रजिस्ट्रेशन — WhatsApp पर पूछें।
¶स्रोत
डेटा की समीक्षा: 6 अक्टूबर 2026. कोई गलती दिखी? हमें बताएँ. सिर्फ़ जानकारी के लिए — यह कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं है।
