
खंड 05
योजनाएँ और सब्सिडी
323 सरकारी योजनाएँ और कार्यक्रम — PLI, स्टार्टअप, MSME, रक्षा, निर्यात, कर्ज़ और सब्सिडी। किसे, कितना, आवेदन कैसे करें — हर योजना की साफ़ स्थिति, हर आँकड़े का स्रोत।
198 चालू114 अस्पष्ट11 बंदस्थिति की जाँच 4 अक्टूबर 2026 – 18 अक्टूबर 2026
पहले यह समझें
सब्सिडी, कर्ज़, ब्याज छूट और गारंटी — चार अलग चीज़ें
बहुत लोग “सब्सिडी” सुनकर सोचते हैं कि पैसा मुफ़्त मिलेगा। असल में ज़्यादातर योजनाएँ कर्ज़ के साथ जुड़ी होती हैं।
- सब्सिडी Subsidy
- प्रोजेक्ट लागत का एक हिस्सा सरकार देती है — कर्ज़ चुकाने के बाद, या कर्ज़ में समायोजित होकर।
- PMEGP · PMFME · NHB
- ब्याज छूट Interest subvention
- कर्ज़ आप लेते हैं; ब्याज का कुछ या पूरा हिस्सा सरकार भरती है।
- CM YUVA · AIF
- कर्ज़ Loan
- बैंक से आसान शर्तों पर कर्ज़ — पर ब्याज और मूलधन आपको ही चुकाना है।
- Mudra · Stand-Up India
- गारंटी Guarantee
- सरकार बैंक को गारंटी देती है, इसलिए आपसे कोलैटरल (गिरवी) नहीं माँगा जाता।
- CGTMSE
सच
योजनाओं के बारे में तीन बातें जो कोई नहीं बताता
- योजना से पहले बैंक। सब्सिडी तभी मिलती है जब बैंक कर्ज़ मंज़ूर करे। PMEGP में 40–50% आवेदन बैंक अस्वीकार कर देते हैं (राज्यसभा स्थायी समिति, मार्च 2026) — इसलिए पहले अपनी फ़ाइल और CIBIL स्कोर ठीक करें।
- अपना पैसा लगता है। ज़्यादातर योजनाओं में 5–15% अपना योगदान ज़रूरी है, और वर्किंग कैपिटल अलग से।
- वेबसाइटें पुरानी हो जाती हैं। NHB की दरें 21 अगस्त 2026 को बदलीं, स्टैंड-अप इंडिया 31 मार्च 2025 को ख़त्म हुई — पर कई साइटें अब भी पुरानी बातें लिखती हैं। हमेशा आधिकारिक पोर्टल पर पक्का करें।