
खंड 35
महिंद्रा समूह
शुरुआत: महिंद्रा एंड मोहम्मद के नाम से इस्पात का व्यापार
- स्थापना
- 1945
- संस्थापक
- जे.सी. महिंद्रा, के.सी. महिंद्रा और मलिक ग़ुलाम मुहम्मद
- मुख्यालय
- मुंबई, महाराष्ट्र
- 3,27,000+
- समूह के कुल कर्मचारी · 2026
- 100+
- जिन देशों में समूह काम करता है · 2026
कहानी
कंपनी 1945 में इस्पात व्यापार की फ़र्म के रूप में शुरू हुई। कुछ ही वर्षों में यह जीप जोड़ने लगी, और मज़बूत जीप ही इसके यूटिलिटी वाहनों की नींव बनी।
वाहनों से यह ट्रैक्टर में आई, जो ग्रामीण भारत के लिए स्वाभाविक था, और फिर इन्हीं वाहनों और ट्रैक्टरों के ख़रीदारों के लिए वित्त में। 1986 में ब्रिटिश टेलीकॉम के साथ आईटी संयुक्त उद्यम से वह शुरू हुआ जो आगे टेक महिंद्रा बना।
समूह की 2025-26 की वार्षिक रिपोर्ट के अनुसार इसके 3,27,000 से अधिक कर्मचारी हैं और यह 100 से अधिक देशों में मौजूद है।
आज किन क्षेत्रों में
यूटिलिटी वाहनट्रैक्टर और कृषि उपकरणआईटी सेवाएँवित्तीय सेवाएँरियल एस्टेटहॉलिडेनवीकरणीय ऊर्जालॉजिस्टिक्स
मुख्य कंपनियाँ
Mahindra & Mahindra · Tech Mahindra · Mahindra Finance · Mahindra Lifespaces · Club Mahindra · Mahindra Logistics
समय-रेखा
- 1945महिंद्रा एंड मोहम्मद के नाम से स्थापना; इस्पात का व्यापार।
- 1948नाम बदलकर महिंद्रा एंड महिंद्रा; इसके बाद लाइसेंस पर जीप जोड़ने का काम।
- 1963इंटरनेशनल हार्वेस्टर के साथ संयुक्त उद्यम से ट्रैक्टर बनाना शुरू।
- 1986ब्रिटिश टेलीकॉम के साथ आईटी संयुक्त उद्यम, जो आगे टेक महिंद्रा बनता है।
- 2002अपनी डिज़ाइन की हुई एसयूवी स्कॉर्पियो लॉन्च होती है।
- 2009टेक महिंद्रा सत्यम कंप्यूटर सर्विसेज़ का अधिग्रहण करती है।
- 2011दक्षिण कोरिया की सांगयोंग मोटर में बहुमत हिस्सेदारी ख़रीदती है।