§1यह बिज़नेस क्या है
अलग-अलग रंग और डिज़ाइन का कपड़ा मेज़ पर फैलाकर कैंची से नाप के अनुसार काटा जाता है, बिजली की सिलाई मशीनों पर सिला जाता है, हुक, आईलेट और बटन हाथ से लगाए जाते हैं, फिर इस्त्री करके पैक किया जाता है। ख़रीदार हैं बच्चों के कपड़ों की दुकानें, थोक व्यापारी और स्कूल-ड्रेस ख़रीदार।
क्षमता: हर साल 90,000 कपड़े।
§2क्या यह आपके लिए है?
किसके लिए
दर्ज़ी या बुटीक मालिक जो डिज़ाइन करके स्थानीय दुकानों को बेच सके।
किसके लिए नहीं
जिसे कपड़ा या सिलाई का कोई अनुभव नहीं।
फ़ायदे
- बच्चे बढ़ते हैं तो माता-पिता बार-बार कपड़े ख़रीदते हैं
- आसान प्रक्रिया जो दर्ज़ी पहले से जानते हैं
- 9 नौकरियों के लिए कम निवेश
- स्कूल ड्रेस और त्योहार के कपड़े भी जोड़ सकते हैं
नुकसान
- शुद्ध बचत बिक्री के 9% से कम
- कपड़ा बिक्री का दो-तिहाई
- डिज़ाइन फ़ैशन के साथ चलने चाहिए
- ब्रांडेड और ऑनलाइन बच्चों के कपड़ों से कड़ा मुकाबला
कौन-से हुनर चाहिए
- पैटर्न कटिंग
- सिलाई और फ़िनिशिंग
- डिज़ाइन और रंगों की समझ
- दुकानों और थोक व्यापारियों को बिक्री
कठिनाई 2/5 क्यों: शुरू करना आसान; मार्जिन डिज़ाइन और बिक्री पर टिका है।
§3बाज़ार
कौन ख़रीदता है
- बच्चों के लिए ख़रीदने वाले माता-पिता
- स्कूल (यूनिफ़ॉर्म)
कैसे बिकता है
- बच्चों के कपड़ों की दुकानें
- कपड़ों के थोक व्यापारी
- साप्ताहिक हाट और मेले
जानने लायक
- प्रोफ़ाइल कहती है कि नए फ़ैशन बच्चों के कपड़ों की माँग बढ़ाते रहते हैं।
§4कच्चा माल और मशीनें
| सामान | संख्या | लागत |
|---|---|---|
| बिजली से चलने वाली सिलाई मशीनें | — | — |
| कढ़ाई मशीन | — | — |
| ओवरलॉक सिलाई मशीन | — | — |
| नापने के औज़ार (सेट स्क्वेयर, फ़ीता), बड़ी और छोटी कैंचियाँ | — | — |
| कटिंग मेज़ और स्टूल | — | — |
| वॉशिंग मशीन और हाइड्रो-एक्सट्रैक्टर | — | — |
| पोर्टेबल स्टीम प्रेस | — | — |
| लकड़ी के रैक और दफ़्तर का फ़र्नीचर | — | — |
| स्थापना सहित सारे उपकरण | — | ₹6,75,000 |
स्रोत: KVIC Project Profile — Children Garments (PMEGP)
- अलग-अलग रंग और डिज़ाइन का कपड़ाप्रोफ़ाइल में पूरी क्षमता पर ₹27.72 लाख सालाना
- धागा, हुक, आईलेट और बटनसजावटी और जोड़ने का सामान
- लेबल और पैकिंग सामग्री₹25,000 सालाना
§5लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन
- उद्यम (Udyam)
- GST
- ट्रेड लाइसेंस
§6योजनाएँ और सब्सिडी
- PMEGPCentralचालू15–35% सब्सिडी
- MudraCentralचालू₹20 लाख तक कर्ज़, बिना कोलैटरल
- CGTMSECentralचालूबिना कोलैटरल, ₹10 करोड़ तक
KVIC/PMEGP मॉडल परियोजना; ₹9.85 लाख के आकार पर MUDRA (₹20 लाख तक) और CGTMSE लागू।
§7पैसा
निवेश का आधार: KVIC प्रोफ़ाइल: उपकरण ₹6.75 लाख (बिजली की सिलाई मशीनें, कढ़ाई मशीन, ओवरलॉक मशीन, नापने के औज़ार और कैंचियाँ, कटिंग मेज़ और स्टूल, वॉशिंग मशीन, हाइड्रो-एक्सट्रैक्टर, पोर्टेबल स्टीम प्रेस, लकड़ी के रैक, स्थापना, दफ़्तर का फ़र्नीचर) + कार्यशील पूँजी ₹3.10 लाख = ₹9.85 लाख। ज़मीन अपनी, शेड का ख़र्च नहीं।
चालू पूँजी (वर्किंग कैपिटल): कार्यशील पूँजी ₹3.10 लाख; प्रोफ़ाइल में हर चक्र के लिए ₹3.14 लाख। पूरी क्षमता पर कपड़ा ₹27.72 लाख सालाना।
KVIC प्रोफ़ाइल पर साल नहीं छपा है — मशीनों के आज के दाम पता करें।
§8निर्यात की संभावना
निर्यात से पहले HS कोड DGFT ITC(HS) सूची में पक्का करें
निर्यात परिषद / बोर्ड: AEPC
- बड़े बच्चों के कपड़े अपने प्रकार के अनुसार सामान्य परिधान लाइनों 6203–6206 में आते हैं।
- 8 अंकों वाली ITC(HS) लाइन DGFT या अपने कस्टम ब्रोकर से पक्की करें।
- पहली खेप से पहले DGFT से आयात-निर्यात कोड (IEC) लेना ज़रूरी है।
§9जोखिम — लोग कहाँ नाकाम होते हैं
- सीज़न के बाद माल बचना
- कपड़े का दाम बढ़ना
- दाम की होड़
- दुकानों से देर से भुगतान
§1030 / 60 / 90 दिन की योजना
यह आम योजना है, जो हर बिज़नेस पर लागू होती है। इस बिज़नेस की ख़ास योजना शोध के बाद जोड़ी जाएगी।
- दिन 1–30: बच्चों के कपड़े की एक चालू यूनिट देखने जाएँ, 10 खरीदारों से दाम और मात्रा पूछें, और 3 सप्लायरों से कोटेशन लें।
- दिन 31–60: Udyam (उद्यम) रजिस्ट्रेशन और ज़रूरी लाइसेंस (उद्यम (Udyam), GST), प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR), और योजना या लोन की फ़ाइल।
- दिन 61–90: जगह और मशीनें, ट्रायल उत्पादन, और पहले 10 ग्राहकों तक माल।
§11किससे जुड़ें
एसोसिएशन, क्लस्टर और ट्रेनिंग संस्थान — इनकी सूची बन रही है। जुड़ें
§12देखें
इस बिज़नेस पर अभी कोई एपिसोड नहीं आया है। पॉडकास्ट पर शो जल्द आ रहे हैं।
बच्चों के कपड़े शुरू करना है?
DPR, लोन फ़ाइल या रजिस्ट्रेशन — WhatsApp पर पूछें।
¶स्रोत
डेटा की समीक्षा: 6 अक्टूबर 2026. कोई गलती दिखी? हमें बताएँ. सिर्फ़ जानकारी के लिए — यह कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं है।
