§1यह बिज़नेस क्या है
विलो की फट्टियाँ काटकर आकार दिया जाता है, दबाया जाता है, बेंत का हैंडल लगाया जाता है, खरादकर रेगमाल से घिसा जाता है, फिर ग्रिप, स्टिकर और वार्निश या पॉलिश से तैयार किया जाता है। समाधान रिपोर्ट के अनुसार दुनिया के लगभग 80% टेनिस-बॉल बैट भारत में कश्मीरी विलो से बनते हैं, जो जालंधर, जम्मू और मेरठ की इकाइयों तक जाती है। KVIC प्रोफ़ाइल इससे बहुत छोटी, हाथ से तैयार करने वाली इकाई की है।
क्षमता: समाधान: 10 घंटे की पाली में रोज़ 40 बैट, पहले साल 30% उपयोग। KVIC: क्षमता 48,000 सालाना छपी है (इकाई नहीं लिखी)।
§2क्या यह आपके लिए है?
किसके लिए
जालंधर, मेरठ या जम्मू क्लस्टर के पास का लकड़ी कारीगर या खेल-सामान व्यापारी।
किसके लिए नहीं
जिसके पास लकड़ी के काम का हुनर या खेल-सामान का ख़रीदार न हो।
फ़ायदे
- क्रिकेट बैट देश और विदेश में बिकते हैं
- बहुत छोटे से (KVIC ₹3.35 लाख) शुरू करके बढ़ा सकते हैं
- कश्मीर से विलो की जमी हुई सप्लाई
नुकसान
- विलो फट्टी के दाम और सप्लाई कश्मीर की कटाई पर निर्भर
- मज़दूरी ज़्यादा — दूसरा सबसे बड़ा ख़र्च
- महँगे बाज़ार पर ब्रांडेड बैट का क़ब्ज़ा
कौन-से हुनर चाहिए
- लकड़ी को आकार देना और दबाना
- हैंडल लगाना और फ़िनिशिंग
- मार्केटिंग एजेंटों और खेल दुकानों से बिक्री
कठिनाई 2/5 क्यों: लकड़ी के काम की साधारण मशीनें; सबसे ज़रूरी कारीगरी।
§3बाज़ार
कौन ख़रीदता है
- क्रिकेट खिलाड़ी, क्लब और अकादमी
- देश भर की खेल-सामान दुकानें
- निर्यात ख़रीदार
कैसे बिकता है
- मार्केटिंग एजेंट — ज़्यादातर बिक्री इन्हीं से (रिपोर्ट)
- शहरों के बाज़ार में सीधे जाकर
- निर्यातक
जानने लायक
- कश्मीरी विलो के बैट पंजाब, यूपी, दिल्ली, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, गुजरात, चेन्नई, बेंगलुरु, हैदराबाद और कोलकाता में बिकते हैं (रिपोर्ट)।
- दुनिया के लगभग 80% टेनिस-बॉल बैट भारत में बनते हैं (रिपोर्ट)।
§4कच्चा माल और मशीनें
| सामान | संख्या | लागत |
|---|---|---|
| बैंड सॉ मशीन | 2 | ₹1,30,000 (₹65,000 each) |
| सरफ़ेस प्लेनर | 1 | ₹95,000 |
| धूल नली सहित सैंड रोलर | 1 | ₹95,000 |
| बैट प्रेस मशीन | 1 | ₹1,49,000 |
| चूक मशीन | 1 | ₹80,000 |
| स्कूप वुड डिज़ाइन मशीन | 1 | ₹1,00,000 |
| स्प्रे गन | 1 | ₹25,000 |
| मोटर सहित कटर | 1 | ₹10,000 |
| मोटर सहित लकड़ी का लेथ | 1 | ₹1,30,000 |
| मोटर और सामान सहित राउटर | 1 | ₹17,000 |
| हैंडल लेथ मशीन | 1 | ₹40,000 |
| बेयरिंग और बेल्ट सहित मोटर | 1 | ₹85,000 |
| अन्य उपकरण | — | ₹1,00,000 |
| KVIC इकाई: बैंड सॉ, बैट प्रोसेसिंग मशीन (3 HP), बैट फ़िनिशिंग मशीन (1 HP), लकड़ी का लेथ (1 HP), औज़ार | — | ₹60,000 |
स्रोत: PMEGP sample project report — Cricket Bat (prepared by Udyami/Samadhan) · KVIC Project Profile — Cricket Bats (PMEGP)
- कश्मीरी विलो की फट्टियाँ
- बेंत के हैंडल और हैंडल का धागा
- ग्रिप, स्टिकर और रेगमाल
- वार्निश, थिनर, पॉलिश और सिंथेटिक गोंद
- स्किन पैडिंग लैमिनेशन, पॉलीथीन पैकिंग और बैट बैग
- KVIC इकाई: विलो फट्टी, बेंत, अन्य लकड़ी, सुतली, रबर ग्रिप, ड्यूको पेंट, हाइड्रोजन पेरोक्साइड, अलसी का तेलकच्चे माल पर साल में ₹12,00,000
स्रोत: PMEGP sample project report — Cricket Bat (prepared by Udyami/Samadhan) · KVIC Project Profile — Cricket Bats (PMEGP)
Building Business Bazaar में सप्लायर
Process cum Product Development Centre (PPDC), Meerut · Meerut →Cricket Bat Manufacturing Industry Cluster · Anantnag →
§5लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन
- उद्यम (Udyam) पंजीकरण
- GST
- स्थानीय निकाय से ट्रेड लाइसेंस
- निर्यात के लिए IEC (आयात-निर्यात कोड)
§6योजनाएँ और सब्सिडी
- PMEGPCentralचालू15–35% सब्सिडी
- MudraCentralचालू₹20 लाख तक कर्ज़, बिना कोलैटरल
- CGTMSECentralचालूबिना कोलैटरल, ₹10 करोड़ तक
PMEGP (रिपोर्ट PMEGP का नमूना है), ₹20 लाख तक के कर्ज़ के लिए MUDRA और बिना गिरवी गारंटी के लिए CGTMSE लागू।
§7पैसा
निवेश का आधार: न्यूनतम: KVIC प्रोफ़ाइल — उपकरण ₹60,000 (बैंड सॉ, बैट प्रोसेसिंग और फ़िनिशिंग मशीन, लकड़ी का लेथ, औज़ार) + कार्यशील पूँजी ₹2,75,000 = ₹3.35 लाख। अधिकतम: समाधान रिपोर्ट — मशीनरी ₹10.56 लाख, फ़र्नीचर ₹1.20 लाख, कार्यशील पूँजी ₹8.06 लाख = ₹19.82 लाख। PMEGP सूची में ₹23.13 लाख की दूसरी समाधान रिपोर्ट दिखती है, पर उसका लिंक यही ₹19.82 लाख वाली रिपोर्ट खोलता है।
चालू पूँजी (वर्किंग कैपिटल): समाधान: कार्यशील पूँजी ₹8.06 लाख, जिसमें बैंक से ₹7.25 लाख; 15 दिन का स्टॉक। KVIC: कार्यशील पूँजी ₹2,75,000; कच्चा माल साल में ₹12,00,000।
किसी भी रिपोर्ट पर साल नहीं छपा — मशीनों के आज के दाम जाँच लें।
§8निर्यात की संभावना
निर्यात से पहले HS कोड DGFT ITC(HS) सूची में पक्का करें
निर्यात परिषद / बोर्ड: SGEPC (Sports Goods Export Promotion Council)
- 8 अंकों की ITC(HS) लाइन DGFT या अपने कस्टम ब्रोकर से पक्की कर लें।
- पहली खेप से पहले DGFT से आयात-निर्यात कोड (IEC) लेना ज़रूरी है।
§9जोखिम — लोग कहाँ नाकाम होते हैं
- विलो की कमी
- दरार वाले या ठीक से न दबे बैट की वापसी
- एजेंट कमीशन से मार्जिन घटना
§1030 / 60 / 90 दिन की योजना
यह आम योजना है, जो हर बिज़नेस पर लागू होती है। इस बिज़नेस की ख़ास योजना शोध के बाद जोड़ी जाएगी।
- दिन 1–30: क्रिकेट बैट की एक चालू यूनिट देखने जाएँ, 10 खरीदारों से दाम और मात्रा पूछें, और 3 सप्लायरों से कोटेशन लें।
- दिन 31–60: Udyam (उद्यम) रजिस्ट्रेशन और ज़रूरी लाइसेंस (उद्यम (Udyam) पंजीकरण, GST), प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR), और योजना या लोन की फ़ाइल।
- दिन 61–90: जगह और मशीनें, ट्रायल उत्पादन, और पहले 10 ग्राहकों तक माल।
§11किससे जुड़ें
एसोसिएशन, क्लस्टर और ट्रेनिंग संस्थान — इनकी सूची बन रही है। जुड़ें
§12देखें
इस बिज़नेस पर अभी कोई एपिसोड नहीं आया है। पॉडकास्ट पर शो जल्द आ रहे हैं।
¶स्रोत
- KVIC Project Profile — Cricket Bats (PMEGP)
- PMEGP sample project report — Cricket Bat (prepared by Udyami/Samadhan)
डेटा की समीक्षा: 6 अक्टूबर 2026. कोई गलती दिखी? हमें बताएँ. सिर्फ़ जानकारी के लिए — यह कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं है।
