§1यह बिज़नेस क्या है
सूखी जड़ी-बूटियों को छाँटकर मोटा पीसा जाता है और स्टील के एक्सट्रैक्टर में पानी या विलायक (मेथनॉल, इथेनॉल आदि) में भिगोया जाता है। तरल को छाना जाता है, विलायक वापस निकाला जाता है, और अर्क को गाढ़ा करके ट्रे, वैक्यूम या स्प्रे ड्रायर में सुखाया, पीसा और पैक किया जाता है। ख़रीदार हैं आयुर्वेदिक और दवा कंपनियाँ, सप्लीमेंट और कॉस्मेटिक बनाने वाले, और निर्यातक। दोनों प्रोफ़ाइल बड़ी इकाइयों की हैं जिनमें जाँच प्रयोगशाला है।
क्षमता: प्रोफ़ाइल 1: साल में 22 MT अर्क (दो पालियाँ, 330 दिन)। प्रोफ़ाइल 2: साल में 30 टन।
§2क्या यह आपके लिए है?
किसके लिए
विज्ञान स्नातक (प्रोफ़ाइल 1 M.Sc. या MBA माँगती है) जिसके आयुर्वेदिक, दवा या कॉस्मेटिक ख़रीदारों से संपर्क हों।
किसके लिए नहीं
जिसके पास जाँच प्रयोगशाला या गुणवत्ता का अनुभव नहीं — अर्क शुद्धता और सक्रिय तत्व की मात्रा पर बिकता है।
फ़ायदे
- दवा, सप्लीमेंट और कॉस्मेटिक कंपनियाँ थोक में अर्क ख़रीदती हैं
- कच्ची बिकने वाली जड़ी-बूटियों का मूल्य बढ़ता है
- अमेरिका, यूरोप, जापान और CIS देशों में निर्यात ख़रीदार (प्रोफ़ाइल 1)
- विलायक और सेटिंग बदलकर एक ही प्लांट में कई जड़ी-बूटियाँ
नुकसान
- कार्यशील पूँजी बहुत ज़्यादा — जड़ी-बूटी और विलायक थोक में ख़रीदने पड़ते हैं
- ज्वलनशील विलायकों के लिए सुरक्षित भंडारण और रिकवरी व्यवस्था चाहिए
- ख़रीदार प्रयोगशाला-जाँचा, मानक अर्क माँगते हैं
- प्रोफ़ाइल 2 में पहले साल का लाभ बहुत कम (₹0.82 लाख)
कौन-से हुनर चाहिए
- जड़ी-बूटी की पहचान और ग्रेडिंग
- विलायक से अर्क निकालना और विलायक वापस लेना
- प्रयोगशाला जाँच (HPTLC, नमी, सूक्ष्मजीव)
- दवा कंपनियों और निर्यात ख़रीदारों को बेचना
कठिनाई 4/5 क्यों: बड़ी कार्यशील पूँजी, विलायकों का जोखिम और कड़ी गुणवत्ता जाँच।
§3बाज़ार
कौन ख़रीदता है
- आयुर्वेदिक और दवा कंपनियाँ
- सप्लीमेंट और न्यूट्रास्युटिकल बनाने वाले
- कॉस्मेटिक और निजी देखभाल उत्पाद बनाने वाले
- खाद्य स्वाद (फ़्लेवर) उपयोगकर्ता
कैसे बिकता है
- निर्माताओं को सीधी आपूर्ति
- निर्यातक और विदेशी ख़रीदार
जानने लायक
- प्रोफ़ाइल 1 अमेरिका, कनाडा, यूरोप, जापान और CIS देशों को निर्यात बाज़ार बताती है।
- विदेशी ख़रीदारों के लिए वहाँ के खाद्य और औषधि प्राधिकरण में उत्पाद पंजीकरण लग सकता है (प्रोफ़ाइल 1)।
§4कच्चा माल और मशीनें
| सामान | संख्या | लागत |
|---|---|---|
| धूल निकासी वाली हैमर मिल, 100 किलो/घंटा, 5 HP | 1 | — |
| SS खड़ा एक्सट्रैक्टर, 5,000 लीटर, 5 HP | 1 | — |
| आड़ा एक्सट्रैक्टर, 5,000 लीटर, 5 HP | 1 | — |
| नुत्शे फ़िल्टर, 2 HP | 1 | — |
| SS बेलनाकार भंडारण टंकियाँ | सेट | — |
| मैकेनिकल सिफ़्टर, 22 इंच, 2 HP | 1 | — |
| पोर्टेबल डीह्यूमिडिफ़ायर, 2 HP | 1 | — |
| प्रयोगशाला उपकरण (HPTLC, माइक्रोस्कोप, रिफ़्रैक्टोमीटर, pH मीटर) | सेट | — |
| प्रोसेस पंप सेट, 2 HP | सेट | — |
| DM पानी प्लांट, 1,000 LPH | 1 | — |
| बॉयलर, 300 किलो/घंटा | 1 | — |
| ट्रे ड्रायर और वैक्यूम ड्रायर (हर एक 32 ट्रे) | 1-1 | — |
| डिजिटल तराज़ू, 100 किलो | 1 | — |
| प्लांट और मशीनरी, प्रोफ़ाइल 2 (अर्क, पिसाई, आसवन, सुखाई, यूटिलिटी) | 1 सेट | ₹35.00 lakh |
स्रोत: SIDBI Stand-Up Mitra project profile — Medicinal Herbs Extraction Unit (2018) — निजी गाइड — स्थानीय रूप से पक्का करें · SIDBI Stand-Up Mitra project profile — Herbal Extraction Plant (2018) — निजी गाइड — स्थानीय रूप से पक्का करें
- सूखी जड़ी-बूटियाँ (प्रोफ़ाइल का उदाहरण: गुग्गल, प्याज़, इलायची)प्रोफ़ाइल 1 में ₹21.20 लाख महीना; गुजरात में वन निगम या व्यापारियों से
- विलायक (मेथनॉल, इथेनॉल, टोल्यूईन) और रसायन₹2.67 लाख महीना; वापस निकालकर दोबारा इस्तेमाल
- डेक्सट्रिन, एक्टिवेटेड चारकोल, अमोनिया, ग्लेशियल एसिटिक एसिडहर महीने थोड़ी मात्रा
स्रोत: SIDBI Stand-Up Mitra project profile — Medicinal Herbs Extraction Unit (2018) — निजी गाइड — स्थानीय रूप से पक्का करें
कच्चे माल के डेटाबेस में
§5लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन
- उद्यम पंजीकरण
- GST
- आयुर्वेदिक दवा बनाने पर राज्य औषधि (AYUSH) लाइसेंस; खाद्य सामग्री के रूप में बेचने पर FSSAI
- राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की सहमति
- निर्यात के लिए IEC और निर्यात परिषद पंजीकरण (प्रोफ़ाइल 1 CHEMEXCIL बताती है)
§6योजनाएँ और सब्सिडी
स्टैंड-अप इंडिया अनुसूचित जाति/जनजाति और महिला उद्यमियों के लिए (कर्ज़ ₹10 लाख–₹1 करोड़); बिना गिरवी कर्ज़ के लिए CGTMSE। दोनों प्रोफ़ाइल PMEGP की ₹50 लाख सीमा से ऊपर हैं।
§7पैसा
निवेश का आधार: प्रोफ़ाइल 1 (औषधीय जड़ी-बूटी अर्क): मशीनें ₹43.46 लाख + एक महीने की जड़ी-बूटी, रसायन, किराया और बिजली-पानी = ₹69.96 लाख, जगह किराए की (तीन महीने की कार्यशील पूँजी रखने पर यही प्रोफ़ाइल ₹1,28,07,980 छापती है)। प्रोफ़ाइल 2 (हर्बल अर्क प्लांट): ज़मीन ₹10 लाख + भवन ₹15 लाख + प्लांट और मशीनरी ₹35 लाख + फ़र्नीचर ₹3 लाख + प्रारंभिक ख़र्च ₹3.50 लाख + कार्यशील पूँजी मार्जिन ₹67.50 लाख = ₹134 लाख।
चालू पूँजी (वर्किंग कैपिटल): प्रोफ़ाइल 1 अपने ₹69.96 लाख में एक महीने की जड़ी-बूटी (₹21.20 लाख) और रसायन रखती है। प्रोफ़ाइल 2: कार्यशील पूँजी ₹67.50 लाख — स्टॉक ₹33.75 लाख, उधारी ₹16.88 लाख, ऊपरी ख़र्च ₹16.88 लाख; बैंक का हिस्सा ₹37.97 लाख।
2018 की स्टैंड-अप मित्र प्रोफ़ाइल — मशीनों और कच्चे माल के दाम अब ज़्यादा होंगे।
§8निर्यात की संभावना
निर्यात से पहले HS कोड DGFT ITC(HS) सूची में पक्का करें
निर्यात परिषद / बोर्ड: CHEMEXCIL (named in profile 1)
- भेजने से पहले 8 अंकों की ITC(HS) लाइन DGFT या अपने कस्टम ब्रोकर से पक्की करें।
- पहली खेप से पहले DGFT से आयात-निर्यात कोड (IEC) लेना ज़रूरी है।
§9जोखिम — लोग कहाँ नाकाम होते हैं
- मिलावटी या ग़लत पहचानी गई जड़ी-बूटी
- विलायकों से आग
- जंगल से आने वाली जड़ी-बूटियों के दाम में उतार-चढ़ाव
- कीटनाशक या भारी धातु के अंश पर माल वापस
§1030 / 60 / 90 दिन की योजना
यह आम योजना है, जो हर बिज़नेस पर लागू होती है। इस बिज़नेस की ख़ास योजना शोध के बाद जोड़ी जाएगी।
- दिन 1–30: जड़ी-बूटी अर्क (एक्सट्रैक्ट) इकाई की एक चालू यूनिट देखने जाएँ, 10 खरीदारों से दाम और मात्रा पूछें, और 3 सप्लायरों से कोटेशन लें।
- दिन 31–60: Udyam (उद्यम) रजिस्ट्रेशन और ज़रूरी लाइसेंस (उद्यम पंजीकरण, GST), प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR), और योजना या लोन की फ़ाइल।
- दिन 61–90: जगह और मशीनें, ट्रायल उत्पादन, और पहले 10 ग्राहकों तक माल।
§11किससे जुड़ें
एसोसिएशन, क्लस्टर और ट्रेनिंग संस्थान — इनकी सूची बन रही है। जुड़ें
§12देखें
इस बिज़नेस पर अभी कोई एपिसोड नहीं आया है। पॉडकास्ट पर शो जल्द आ रहे हैं।
जड़ी-बूटी अर्क (एक्सट्रैक्ट) इकाई शुरू करना है?
DPR, लोन फ़ाइल या रजिस्ट्रेशन — WhatsApp पर पूछें।
¶स्रोत
- SIDBI Stand-Up Mitra project profile — Medicinal Herbs Extraction Unit (2018)
- SIDBI Stand-Up Mitra project profile — Herbal Extraction Plant (2018)
डेटा की समीक्षा: 6 अक्टूबर 2026. कोई गलती दिखी? हमें बताएँ. सिर्फ़ जानकारी के लिए — यह कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं है।
