§1यह बिज़नेस क्या है
आप ड्राइवर और हेल्पर के साथ दो टैंकर ट्रक चलाते हैं और अनुबंध पर तेल ढोने के लिए प्रति किलोमीटर भाड़ा कमाते हैं — तेल विपणन कंपनियों, रिफ़ाइनरियों, रसायन कंपनियों या सरकारी टेंडरों के लिए। टोल ज़्यादातर ग्राहक से वसूल होता है। अनुबंध तय करता है कि ईंधन, कर्मचारी और बीमा का ख़र्च कौन देगा।
क्षमता: हर टैंकर महीने में 20 चक्कर तक, दोनों मिलाकर साल में 480; औसत एक तरफ़ 225 km, ₹29 प्रति km = ₹13,050 प्रति आना-जाना।
§2क्या यह आपके लिए है?
किसके लिए
ढुलाई का अनुभव रखने वाला व्यक्ति जिसके तेल डिपो या ठेकेदारों से संबंध हों।
किसके लिए नहीं
जिसके पास पहले से अनुबंध न हो — खड़े टैंकर पर भी EMI चलती है।
फ़ायदे
- तेल कंपनियों और ठेकेदारों को लगातार ढुलाई चाहिए
- कम कर्मचारी
- सरकारी तेल कंपनियों के टेंडर से लंबे अनुबंध
- हर नए ट्रक से कमाई बढ़ती है
नुकसान
- वाहन की बहुत ऊँची लागत और बड़ा कर्ज़
- अनुबंध में न हो तो डीज़ल के दाम से मार्जिन पर असर
- अनुबंध न हो तो ट्रक खड़े रहते हैं
- दुर्घटना और रिसाव का बड़ा ख़तरा
कौन-से हुनर चाहिए
- वाहन बेड़ा चलाना और रखरखाव
- तेल कंपनियों के टेंडर भरना
- ड्राइवर प्रबंधन और सुरक्षा
- अनुबंध पर मोलभाव
कठिनाई 4/5 क्यों: वाहनों पर बड़ा कर्ज़, अनुबंध पर निर्भरता और सुरक्षा का ख़तरा।
§3बाज़ार
कौन ख़रीदता है
- तेल विपणन कंपनियाँ और रिफ़ाइनरियाँ
- रसायन कंपनियाँ
- सरकारी तेल और गैस कंपनियों के ठेकेदार
कैसे बिकता है
- तेल कंपनियों के परिवहन टेंडर
- डिपो और ठेकेदारों से किराया अनुबंध
जानने लायक
- रिपोर्ट के अनुसार अनुबंध की शर्तें अवधि, मात्रा और रास्ते के हिसाब से बदलती हैं, और तय करती हैं कि ईंधन, कर्मचारी और बीमा कौन देगा।
- टोल का 95% ग्राहकों से वसूल होना माना गया है।
§4कच्चा माल और मशीनें
| सामान | संख्या | लागत |
|---|---|---|
| तेल टैंकर ट्रक, 6 टायर | 2 | ₹50,00,000 for both, including GST and transport |
स्रोत: PMEGP sample project report — Tank Truck (prepared by Udyami/Samadhan)
- डीज़लअनुमानों में पहले साल (आधा साल) ₹10.80 लाख, पाँचवें साल ₹25.96 लाख
- टायर, मरम्मत और अन्य सामग्री
स्रोत: PMEGP sample project report — Tank Truck (prepared by Udyami/Samadhan)
§5लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन
- उद्यम (Udyam)
- GST
- वाहन पंजीकरण प्रमाणपत्र और बीमा (रिपोर्ट में सूचीबद्ध)
- RTO से माल वाहन परमिट
- पेट्रोलियम ढोने वाले टैंकरों के लिए PESO मंज़ूरी (पेट्रोलियम नियम)
- ज़रूरत के अनुसार फ़ायर/प्रदूषण मंज़ूरी (रिपोर्ट)
§6योजनाएँ और सब्सिडी
- CGTMSECentralचालूबिना कोलैटरल, ₹10 करोड़ तक
- Stand-Up IndiaCentralबंद₹10 लाख – ₹1 करोड़ कर्ज़
- PMEGPCentralचालू15–35% सब्सिडी
₹56.70 लाख की सेवा परियोजना के लिए CGTMSE और Stand-Up India ठीक। रिपोर्ट PMEGP लाइब्रेरी में है, पर PMEGP सेवा परियोजनाओं की सीमा ₹20 लाख रखता है और कुछ परिवहन गतिविधियों पर रोक है — KVIC या ज़िला उद्योग केंद्र से पात्रता पक्की करें।
§7पैसा
निवेश का आधार: PMEGP नमूना रिपोर्ट: 2 तेल टैंकर ट्रक (6 टायर) ₹50.00 लाख, GST और ढुलाई सहित + कार्यशील पूँजी ₹6.70 लाख = ₹56.70 लाख। वित्त: अपना ₹14.20 लाख, बैंक ऋण ₹37.50 लाख, कार्यशील पूँजी सीमा ₹5.00 लाख।
चालू पूँजी (वर्किंग कैपिटल): कार्यशील पूँजी ₹6.70 लाख (बैंक सीमा ₹5.00 लाख): ग्राहक चक्करों का भुगतान लगभग 1.5 महीने और टोल का 3 महीने बाद करते हैं।
साल नहीं छपा; अनुमान 2019-20 से शुरू होते हैं — आज लागत ज़्यादा होगी।
§8निर्यात की संभावना
यह घरेलू परिवहन सेवा है; इसमें माल का निर्यात नहीं होता।
§9जोखिम — लोग कहाँ नाकाम होते हैं
- दुर्घटना और रिसाव
- अनुबंधों के बीच ख़ाली महीने
- डीज़ल के दाम बढ़ना
- ग्राहकों से देर से भुगतान
§1030 / 60 / 90 दिन की योजना
यह आम योजना है, जो हर बिज़नेस पर लागू होती है। इस बिज़नेस की ख़ास योजना शोध के बाद जोड़ी जाएगी।
- दिन 1–30: तेल टैंकर ट्रक किराया व्यवसाय की एक चालू यूनिट देखने जाएँ, 10 खरीदारों से दाम और मात्रा पूछें, और 3 सप्लायरों से कोटेशन लें।
- दिन 31–60: Udyam (उद्यम) रजिस्ट्रेशन और ज़रूरी लाइसेंस (उद्यम (Udyam), GST), प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR), और योजना या लोन की फ़ाइल।
- दिन 61–90: जगह और मशीनें, ट्रायल उत्पादन, और पहले 10 ग्राहकों तक माल।
§11किससे जुड़ें
एसोसिएशन, क्लस्टर और ट्रेनिंग संस्थान — इनकी सूची बन रही है। जुड़ें
§12देखें
इस बिज़नेस पर अभी कोई एपिसोड नहीं आया है। पॉडकास्ट पर शो जल्द आ रहे हैं।
तेल टैंकर ट्रक किराया व्यवसाय शुरू करना है?
DPR, लोन फ़ाइल या रजिस्ट्रेशन — WhatsApp पर पूछें।
¶स्रोत
डेटा की समीक्षा: 6 अक्टूबर 2026. कोई गलती दिखी? हमें बताएँ. सिर्फ़ जानकारी के लिए — यह कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं है।
