§1यह बिज़नेस क्या है
कपड़े को आगे, फ़्लैप वाले पीछे और किनारे (गसेट) के टुकड़ों में काटा जाता है, जेब लगाई जाती है, पाइपिंग के साथ सिलाई होती है, फिर पट्टे, बकल, ज़िप और स्टिकर लगाए जाते हैं। रिपोर्ट में फ़्लैट-बेड और सिलेंडर-बेड सिलाई मशीनों पर रोज़ 60 बैग की योजना है। माँग पूरे साल रहती है और स्कूल सत्र से पहले सबसे ज़्यादा।
क्षमता: रोज़ 60 बैग, साल में 18,000 (10 घंटे, 300 दिन); पहले साल 60%।
§2क्या यह आपके लिए है?
किसके लिए
दर्ज़ी या बैग कारीगर जो स्कूल-सामान की दुकानों और स्कूलों के थोक ऑर्डर तक बेच सके।
किसके लिए नहीं
जिसके पास सिलाई का हुनर या बिक्री के संपर्क न हों।
फ़ायदे
- हर स्कूली बच्चे को साल-दो साल में बैग चाहिए
- कम बिजली (2 KVA)
- दफ़्तर, यात्रा और प्रचार वाले बैग भी बना सकते हैं
- रिपोर्ट के अनुसार घर से भी शुरू हो सकता है
नुकसान
- बिक्री स्कूल सत्र से पहले सिमटती है
- ब्रांडेड और चीनी बैग टक्कर देते हैं
- रिपोर्ट में DSCR कम (1.97)
- डिज़ाइन फ़ैशन के साथ बदलने पड़ते हैं
कौन-से हुनर चाहिए
- पैटर्न काटना और सिलाई
- कपड़ा और सहायक सामान की ख़रीद
- डिज़ाइन
- स्कूल और डीलर बिक्री
कठिनाई 2/5 क्यों: सिलाई का काम जाना-पहचाना; मौसमी बिक्री असली चुनौती।
§3बाज़ार
कौन ख़रीदता है
- स्कूली बच्चे और अभिभावक
- थोक ऑर्डर देने वाले स्कूल
कैसे बिकता है
- स्कूल-सामान और स्टेशनरी दुकानें
- ऑनलाइन दुकानें (रिपोर्ट में नाम)
- अपनी वेबसाइट
जानने लायक
- पहले साल ₹25.65 लाख की बिक्री में ₹10.32 लाख कच्चा माल।
§4कच्चा माल और मशीनें
| सामान | संख्या | लागत |
|---|---|---|
| बॉल प्रेस | 1 | — |
| फ़्लैट-बेड सिंगल-नीडल सिलाई मशीन | — | — |
| सिलेंडर-बेड सिलाई मशीन | — | — |
| बोर्ड कटिंग मशीन | 1 | — |
| ग्लेज़िंग मशीन | 1 | — |
| स्काइविंग मशीन | 1 | — |
| मिनी कंप्रेसर | 1 | — |
| डिज़ाइन उभारने के लिए ज़िंक ब्लॉक | — | — |
| औज़ार, फ़र्नीचर और बिजली फ़िटिंग सहित पूरा सेट | 1 सेट | ₹12.00 lakh plant and machinery |
स्रोत: PMEGP sample project report — School Bag Making (prepared by Udyami/Samadhan)
- सूती कैनवस, घिसाव-रोधी कपड़े, कॉर्डुरापहले साल कच्चा माल ₹10.32 लाख
- पट्टे, बकल, ज़िप, पाइपिंग, स्टिकर
स्रोत: PMEGP sample project report — School Bag Making (prepared by Udyami/Samadhan)
§5लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन
- उद्यम (Udyam) पंजीकरण और GST
- स्थानीय निकाय से ट्रेड लाइसेंस
- ज़रूरत हो तो ब्रांड का ट्रेडमार्क
§6योजनाएँ और सब्सिडी
- PMEGPCentralचालू15–35% सब्सिडी
- MudraCentralचालू₹20 लाख तक कर्ज़, बिना कोलैटरल
- CGTMSECentralचालूबिना कोलैटरल, ₹10 करोड़ तक
- Stand-Up IndiaCentralबंद₹10 लाख – ₹1 करोड़ कर्ज़
₹17.59 लाख की इकाई पर PMEGP और MUDRA लागू; बिना गिरवी क़र्ज़ के लिए CGTMSE; SC/ST या महिला उद्यमियों के लिए Stand-Up India।
§7पैसा
निवेश का आधार: समाधान रिपोर्ट ₹17.59 लाख = प्लांट और मशीनरी ₹12.00 लाख, फ़र्नीचर ₹1.00 लाख, कार्यशील पूँजी ₹4.59 लाख; ज़मीन किराए की या अपनी। कार्यशील पूँजी क़र्ज़ ₹4.13 लाख।
चालू पूँजी (वर्किंग कैपिटल): कार्यशील पूँजी ₹4.59 लाख; बैंक ₹4.13 लाख।
रिपोर्ट पर साल नहीं छपा — मशीन और कच्चे माल के आज के दाम पता करें।
§8निर्यात की संभावना
निर्यात से पहले HS कोड DGFT ITC(HS) सूची में पक्का करें
- निर्यात ख़रीदार कपड़े की मज़बूती और सुरक्षित रंगों की जाँच रिपोर्ट माँगते हैं।
§9जोखिम — लोग कहाँ नाकाम होते हैं
- सीज़न के बाद बचा माल
- ज़िप और सिलाई की ख़राबी से माल वापस
- कपड़े के दाम बढ़ना
- डीलरों को उधार
§1030 / 60 / 90 दिन की योजना
यह आम योजना है, जो हर बिज़नेस पर लागू होती है। इस बिज़नेस की ख़ास योजना शोध के बाद जोड़ी जाएगी।
- दिन 1–30: स्कूल बैग बनाना की एक चालू यूनिट देखने जाएँ, 10 खरीदारों से दाम और मात्रा पूछें, और 3 सप्लायरों से कोटेशन लें।
- दिन 31–60: Udyam (उद्यम) रजिस्ट्रेशन और ज़रूरी लाइसेंस (उद्यम (Udyam) पंजीकरण और GST, स्थानीय निकाय से ट्रेड लाइसेंस), प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR), और योजना या लोन की फ़ाइल।
- दिन 61–90: जगह और मशीनें, ट्रायल उत्पादन, और पहले 10 ग्राहकों तक माल।
§11किससे जुड़ें
एसोसिएशन, क्लस्टर और ट्रेनिंग संस्थान — इनकी सूची बन रही है। जुड़ें
§12देखें
इस बिज़नेस पर अभी कोई एपिसोड नहीं आया है। पॉडकास्ट पर शो जल्द आ रहे हैं।
स्कूल बैग बनाना शुरू करना है?
DPR, लोन फ़ाइल या रजिस्ट्रेशन — WhatsApp पर पूछें।
¶स्रोत
डेटा की समीक्षा: 6 अक्टूबर 2026. कोई गलती दिखी? हमें बताएँ. सिर्फ़ जानकारी के लिए — यह कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं है।
