कहानी
वाराणसी के कश्मीरीगंज और खोजवाँ इलाक़ों में कारीगर खराद पर नरम लकड़ी को आकार देकर लाख से रंगते हैं और खिलौने, सिंदूरदानी और छोटे रसोई सेट बनाते हैं। इस शिल्प में प्राकृतिक लाख और सरल औज़ार लगते हैं, इसलिए सामान हल्का और चमकीला होता है। खिलौने वाराणसी के ODOP उत्पादों में हैं, और इस शिल्प को GI टैग मिला है।
आँकड़ों में
जिन प्रकाशित स्रोतों को हम खोल सके, उनमें इस क्लस्टर के ताज़ा आँकड़े नहीं हैं।
GI टैग
- Varanasi Wooden Lacquerware &Toysआवेदन संख्या GI Application No. 457; Registration No. 234GI Registry, IP India - Application 457: Varanasi Wooden Lacquerware &Toys
नए उद्यमी के लिए रास्ते
- शहरी और निर्यात बाज़ार के लिए सुरक्षित, बिना ज़हरीले रंग वाले खिलौने
- रिटर्न गिफ़्ट और कॉरपोरेट उपहार सेट
- खराद कारीगरों को सूखी लकड़ी और प्राकृतिक रंग सप्लाई करना
- खिलौना दुकानों और ऑनलाइन बाज़ार से बिक्री
क्लस्टर की मुश्किलें
- सस्ते प्लास्टिक और आयातित खिलौने
- छोटे निर्माताओं के लिए खिलौना सुरक्षा मानक और परीक्षण का ख़र्च
- उपयुक्त नरम लकड़ी की कमी
- कम आमदनी से युवा खराद से दूर रहते हैं
यहाँ शुरू करने लायक बिज़नेस
लकड़ी के खिलौने बनाना (लाख वाले खराद खिलौने) →लकड़ी के खिलौने और सजावटी सामान →लकड़ी के स्मृति-चिह्न और सोवेनियर बनाना →स्थानीय हस्तशिल्प और खिलौना बनाने का स्कूल →
