§1किसके लिए

  • 18 पारिवारिक पारंपरिक पेशों के कारीगर और शिल्पकार, जो असंगठित क्षेत्र में स्वरोज़गार करते हैं

काम की है अगर

18 पेशों के पारंपरिक कारीगर।

समय न लगाएँ अगर

फ़ैक्टरी मालिक या जिनके परिवार में किसी के पास सरकारी नौकरी है।

§2पात्रता

  1. पंजीकरण की तारीख़ पर आयु 18 वर्ष या उससे अधिक।
  2. 18 पेशों में से किसी एक में हाथ और औज़ारों से काम करता हो: बढ़ई, नाव बनाने वाला, अस्त्र बनाने वाला (armourer), लोहार/धातु कारीगर, हथौड़ा और औज़ार किट बनाने वाला, ताला बनाने वाला, सुनार, कुम्हार, मूर्तिकार/पत्थर तोड़ने वाला, मोची/जूता कारीगर, राजमिस्त्री, टोकरी/चटाई/झाड़ू बनाने वाला/नारियल रेशा (coir) बुनकर, गुड़िया और खिलौना बनाने वाला, नाई, माला बनाने वाला, धोबी, दर्ज़ी, मछली पकड़ने का जाल बनाने वाला।

असंगठित क्षेत्र में स्वरोज़गार।

  1. पिछले 5 वर्षों में स्वरोज़गार/व्यवसाय के लिए इसी तरह की कर्ज़ आधारित सरकारी योजनाओं से कर्ज़ न लिया हो (MUDRA और PM SVANidhi का पूरा कर्ज़ चुका चुके लोग पात्र हैं)।
  2. परिवार (पति, पत्नी, अविवाहित बच्चे) से केवल एक सदस्य।
  3. सरकारी कर्मचारी और उनके परिवार के सदस्य पात्र नहीं।

§3लाभ

PM Vishwakarma प्रमाणपत्र और पहचान पत्र।

  • 5–7 दिन का बुनियादी प्रशिक्षण और 15+ दिन का उन्नत प्रशिक्षण, ₹500/दिन वज़ीफ़ा और ₹1,000 यात्रा भत्ते के साथ।
  • औज़ार किट के लिए ₹15,000 तक (ई-वाउचर)।
  • बिना गिरवी Enterprise Development Loan ₹3 लाख तक: पहले ₹1 लाख (18 महीने) फिर ₹2 लाख (30 महीने), 5% ब्याज पर; भारत सरकार 8% तक ब्याज सहायता देती है।
  • हर डिजिटल लेन-देन पर ₹1, प्रति माह 100 लेन-देन तक।
  • मार्केटिंग सहायता: गुणवत्ता प्रमाणन, ब्रांडिंग, GeM/ई-कॉमर्स पर जुड़ना।

§4नियम — सहायता का तरीका

  1. पहली किस्त बुनियादी प्रशिक्षण पूरा करने के बाद।
  2. दूसरी किस्त के लिए पहली किस्त चुकाना और डिजिटल लेन-देन अपनाना या उन्नत प्रशिक्षण पूरा करना ज़रूरी।
  3. तीन स्तर की जाँच: ग्राम पंचायत/ULB → District Implementation Committee → Screening Committee।

§5दस्तावेज़

प्रकाशित नहीं

गाइडलाइन में दस्तावेज़ों की सूची नहीं दी गई है। आवेदन से पहले पोर्टल या बैंक से पूछ लें — हम अंदाज़े से सूची नहीं बनाते।

§6आवेदन कैसे करें

  1. 1

    केवल Common Service Centre (CSC) से आवेदन करें।

§7फ़ायदे और नुकसान

फ़ायदे

  • बिना गिरवी 5% पर सस्ता कर्ज़ (PIB)।
  • ~₹5,316 करोड़ के 6.19 लाख कर्ज़ मंज़ूर; 18.16 लाख औज़ार किट (PIB Sep 2026)।

नुकसान

  • पंजीकरण लक्ष्य पहले ही पूरा — नए लोगों को शायद जगह न मिले।
  • परिवार से एक सदस्य का नियम कारीगर परिवारों में लाभ सीमित करता है।
  • कर्ज़ की सीमा ₹3 लाख।

→मिलती-जुलती योजनाएँ

PM Vishwakarma में मदद चाहिए?

पात्रता जाँच, DPR और आवेदन फ़ाइल — WhatsApp पर पूछें।

हमारा हितमदद हमारी पेड सेवा है। योजना में आवेदन आप ख़ुद भी कर सकते हैं।

स्रोत

  1. PIB backgrounder, Sep 2026: PM Vishwakarma — Strengthening Traditional Artisans and Craftspeople
  2. Ministry of MSME: Schemes for MSMEs booklet v2.0 (14 Feb 2025)
  3. Ministry of MSME: Annual Report 2025-26

18 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया। केवल जानकारी के लिए — विभाग या बैंक से पक्का करें। कोई गलती दिखी? बताएँ.