§1यह बिज़नेस क्या है
बड़ी कंपनियों या उनके डीलरों से ख़रीदे एल्युमिनियम सेक्शन चमकाए, एसिड में साफ़ किए, रंगीन एनोडाइज़ किए, धोए और सुखाए जाते हैं, फिर ग्राहक के डिज़ाइन के अनुसार काटे, मोड़े, पेंच या रिवेट से जोड़े और काँच या बोर्ड, हैंडल, ताले और स्टॉपर के साथ लगाए जाते हैं। दफ़्तर, दुकानें, होटल, थिएटर और घर इन्हें इस्तेमाल करते हैं क्योंकि ये अच्छे दिखते हैं और रखरखाव लगभग नहीं चाहिए। छोटा रूप सिर्फ़ ड्रिल और ग्राइंडर से, बिना एनोडाइज़िंग प्लांट के चलता है।
क्षमता: Samadhan: रोज़ 15 वर्ग मीटर; पूरी क्षमता पर साल में 4,500 वर्ग मीटर (पहले साल 60% से पाँचवें साल 80%)। KVIC: सालाना उत्पादन लागत पर ₹9.97 लाख।
§2क्या यह आपके लिए है?
किसके लिए
बिल्डरों और ठेकेदारों से पहचान रखने वाला फ़ैब्रिकेटर या बढ़ई।
किसके लिए नहीं
साइट पर काम का हुनर या स्थानीय निर्माण संपर्क न रखने वाला।
फ़ायदे
- हर नए दफ़्तर, दुकान और घर को दरवाज़े, खिड़कियाँ और रेलिंग चाहिए
- बहुत छोटे (₹2.65 लाख) से शुरू करके बाद में एनोडाइज़िंग जोड़ सकते हैं
- ऑर्डर पर काम — बिना बिका स्टॉक कम
- अच्छा सकल मार्जिन (Samadhan रिपोर्ट में लगभग 24–26%)
नुकसान
- माँग स्थानीय निर्माण कार्यों के साथ घटती-बढ़ती है
- uPVC और स्टील उत्पादों से मुक़ाबला
- एनोडाइज़िंग में एसिड लगता है, प्रदूषण सहमति चाहिए
- साइट पर नाप की ग़लती से नुक़सान
कौन-से हुनर चाहिए
- नाप लेना और फ़ैब्रिकेशन
- एनोडाइज़िंग (बड़ी इकाई के लिए)
- काँच और हार्डवेयर लगाना
- कोटेशन बनाना और साइट संभालना
कठिनाई 2/5 क्यों: सीधे औज़ारों वाला आम धंधा; एनोडाइज़िंग में थोड़ा रासायनिक काम जुड़ता है।
§3बाज़ार
कौन ख़रीदता है
- दफ़्तर, व्यापार और शॉपिंग परिसर
- होटल, रेस्तराँ, थिएटर और सभागार
- घर
- कपड़ा और व्यापार की दुकानें (शेल्फ़)
कैसे बिकता है
- बिल्डर और ठेकेदार
- मालिकों से सीधे ऑर्डर
- आर्किटेक्ट और इंटीरियर डिज़ाइनर
जानने लायक
- रिपोर्टों के अनुसार दरवाज़ों, खिड़कियों और रेलिंग में एल्युमिनियम लकड़ी की जगह ले रहा है क्योंकि इसका रखरखाव लगभग नहीं है।
§4कच्चा माल और मशीनें
| सामान | संख्या | लागत |
|---|---|---|
| रेक्टिफ़ायर, 14 फ़ुट टंकियों और शुरुआती रसायनों सहित एनोडाइज़िंग प्लांट | 1 | ₹8,50,000 |
| हेवी-ड्यूटी कट-ऑफ़ मशीन, 2 HP | 1 | ₹40,000 |
| ड्रिलिंग मशीन, 12 mm, 0.5 HP | 1 | ₹17,000 |
| पोर्टेबल बिजली ड्रिल | 2 | ₹6,000 |
| दोनों तरफ़ पहिये वाला बेंच ग्राइंडर, 200 mm | 1 | ₹11,000 |
| अन्य उपकरण और हाथ के औज़ार | — | ₹50,000 |
| छोटी इकाई (KVIC): बेंच ड्रिल, पोर्टेबल ड्रिल, बेंच ग्राइंडर और वर्कशॉप औज़ार (कुल) | — | ₹1,00,000 |
स्रोत: PMEGP sample project report — Aluminium Fabrication Unit (prepared by Udyami/Samadhan) · KVIC Project Profile — Aluminium Fabrication (PMEGP)
- एल्युमिनियम एक्सट्रूडेड सेक्शन (हैंड रेल, 112×50, 63×38, 50×25 mm और दरवाज़े के हैंडल सेक्शन)बड़ी कंपनियों या उनके डीलरों से
- 25 mm चौकोर पाइप और 50 × 1.5 mm पट्टीपूरी क्षमता पर साल में 10,800 मीटर पाइप, ₹50/मीटर
- काँच की शीट या बोर्ड, 3–4.5 mmसाल में 2,076 वर्ग मीटर, ₹500/वर्ग मीटर
- एनोडाइज़िंग रसायन, क्लिप, क़ब्ज़े, पेंच, बोल्ट और तालेसाल में ₹12 लाख एकमुश्त
स्रोत: PMEGP sample project report — Aluminium Fabrication Unit (prepared by Udyami/Samadhan)
कच्चे माल के डेटाबेस में
§5लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन
- उद्यम (Udyam)
- GST
- ट्रेड लाइसेंस
- राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से NOC (एनोडाइज़िंग)
- ब्रांड का ट्रेडमार्क (वैकल्पिक)
§6योजनाएँ और सब्सिडी
- PMEGPCentralचालू15–35% सब्सिडी
- MudraCentralचालू₹20 लाख तक कर्ज़, बिना कोलैटरल
- CGTMSECentralचालूबिना कोलैटरल, ₹10 करोड़ तक
PMEGP (दोनों PMEGP नमूने हैं); ₹2.65 लाख की KVIC इकाई पर MUDRA किशोर और ₹17.56 लाख की इकाई पर MUDRA तरुण प्लस लोन; बिना गारंटी कवर के लिए CGTMSE।
§7पैसा
निवेश का आधार: KVIC प्रोफ़ाइल: उपकरण ₹1,00,000 (बेंच ड्रिल, पोर्टेबल ड्रिल, बेंच ग्राइंडर, वर्कशॉप औज़ार) + कार्यशील पूँजी ₹1,65,000 = ₹2,65,000। Samadhan रिपोर्ट: प्लांट और मशीनरी ₹9.80 लाख (एनोडाइज़िंग प्लांट ₹8.50 लाख सहित) + फ़र्नीचर ₹2.20 लाख + कार्यशील पूँजी ₹5.56 लाख = ₹17.56 लाख; पैसा अपना ₹1.76 लाख, टर्म लोन ₹10.80 लाख, कार्यशील पूँजी ₹5.00 लाख।
चालू पूँजी (वर्किंग कैपिटल): KVIC: ₹1,65,000 (प्रति चक्र ₹1,66,242)। Samadhan: ₹5.56 लाख, जिसमें ₹5.00 लाख बैंक से; 15 दिन का स्टॉक।
KVIC प्रोफ़ाइल और Samadhan रिपोर्ट पर साल छपा नहीं है — मशीनों के आज के दाम पता करें।
§8निर्यात की संभावना
निर्यात परिषद / बोर्ड: EEPC India
- रिपोर्टों में HS कोड नहीं छपा; निर्यात से पहले ITC(HS) लाइन DGFT से पक्की करें।
- फ़ैब्रिकेशन ज़्यादातर स्थानीय, नाप पर बनने वाला काम है।
§9जोखिम — लोग कहाँ नाकाम होते हैं
- निर्माण कार्यों में मंदी
- एल्युमिनियम सेक्शन के दाम बढ़ना
- बिल्डरों से देर से भुगतान
- एनोडाइज़िंग में रसायन संभालना
§1030 / 60 / 90 दिन की योजना
यह आम योजना है, जो हर बिज़नेस पर लागू होती है। इस बिज़नेस की ख़ास योजना शोध के बाद जोड़ी जाएगी।
- दिन 1–30: एल्युमिनियम फ़ैब्रिकेशन (दरवाज़े, खिड़कियाँ, रेलिंग) की एक चालू यूनिट देखने जाएँ, 10 खरीदारों से दाम और मात्रा पूछें, और 3 सप्लायरों से कोटेशन लें।
- दिन 31–60: Udyam (उद्यम) रजिस्ट्रेशन और ज़रूरी लाइसेंस (उद्यम (Udyam), GST), प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR), और योजना या लोन की फ़ाइल।
- दिन 61–90: जगह और मशीनें, ट्रायल उत्पादन, और पहले 10 ग्राहकों तक माल।
§11किससे जुड़ें
एसोसिएशन, क्लस्टर और ट्रेनिंग संस्थान — इनकी सूची बन रही है। जुड़ें
§12देखें
इस बिज़नेस पर अभी कोई एपिसोड नहीं आया है। पॉडकास्ट पर शो जल्द आ रहे हैं।
एल्युमिनियम फ़ैब्रिकेशन (दरवाज़े, खिड़कियाँ, रेलिंग) शुरू करना है?
DPR, लोन फ़ाइल या रजिस्ट्रेशन — WhatsApp पर पूछें।
¶स्रोत
- KVIC Project Profile — Aluminium Fabrication (PMEGP)
- PMEGP sample project report — Aluminium Fabrication Unit (prepared by Udyami/Samadhan)
डेटा की समीक्षा: 6 अक्टूबर 2026. कोई गलती दिखी? हमें बताएँ. सिर्फ़ जानकारी के लिए — यह कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं है।
