§1यह बिज़नेस क्या है
कटा हुआ राजगिरा बीज पहले साफ़ किया जाता है, फिर कंकड़ निकाले जाते हैं, चुंबक और ग्रेविटी सेपरेटर से गुज़ारा जाता है, आकार से छाँटा जाता है और तौलकर पैक होता है। पैक दाना दलिया, फूले हुए स्नैक, आटा और व्रत के खाने के लिए बिकता है। तीनों रिपोर्टों में कच्चा माल सिर्फ़ बीज और पैकिंग सामग्री है।
क्षमता: 600 kg प्रति दिन, 10 घंटे की पाली (₹19.04 लाख वाली); 1,500 kg प्रति दिन (₹23.54 लाख वाली)। ₹24.03 लाख वाली रिपोर्ट 35% क्षमता से शुरू होती है।
§2क्या यह आपके लिए है?
किसके लिए
राजगिरा उगाने वाले इलाक़े का व्यक्ति, या जिसके FPO और हेल्थ-फ़ूड पैकरों से संपर्क हों।
किसके लिए नहीं
जो फ़सल के समय बीज ख़रीदकर स्टॉक नहीं रख सकता।
फ़ायदे
- सूखा, सीधा काम, गंदा पानी नहीं
- ज़्यादा प्रोटीन और ग्लूटेन-रहित अनाज की माँग बढ़ रही है
- व्रत के मौसम में राजगिरा ख़ूब बिकता है
- PMFME जैसी खाद्य प्रसंस्करण योजनाओं में लागू
नुकसान
- बीज मौसमी है और कुछ ही ज़िलों में मिलता है
- पहले साल शुद्ध मार्जिन पतला (बिक्री का लगभग 4–6%)
- ख़रीदार हर बार साफ़, कंकड़-रहित दाना चाहते हैं
- फ़सल के बाद बीज का स्टॉक रखने को कार्यशील पूँजी चाहिए
कौन-से हुनर चाहिए
- बीज की ख़रीद और छँटाई
- सफ़ाई और ग्रेडिंग मशीनें चलाना
- खाद्य सुरक्षा और पैकिंग
- थोक विक्रेताओं और हेल्थ-फ़ूड ब्रांडों को बेचना
कठिनाई 2/5 क्यों: सीधी मशीनें और सूखा काम; असली हुनर सही दाम पर बीज ख़रीदना है।
§3बाज़ार
कौन ख़रीदता है
- हेल्थ-फ़ूड और नाश्ते के अनाज वाले ब्रांड
- किराना के थोक विक्रेता और दुकानें
- आटा और स्नैक बनाने वाले
कैसे बिकता है
- बड़े थैलों में थोक बिक्री
- अपने ब्रांड के छोटे पैक
- ऑनलाइन किराना
जानने लायक
- रिपोर्टें माँग को प्रोटीन वाले, चलते-फिरते खाने और सेहत की जागरूकता से जोड़ती हैं।
- व्रत के दिनों में भी राजगिरा खाया जाता है, जिससे मौसमी उछाल आता है।
§4कच्चा माल और मशीनें
| सामान | संख्या | लागत |
|---|---|---|
| बीज सफ़ाई मशीन | 1 | ₹3,50,000 |
| कंकड़ निकालने की मशीन (डी-स्टोनर) | 1 | ₹1,50,000 |
| चुंबकीय सेपरेटर | 1 | ₹1,60,000 |
| ग्रेविटी सेपरेटर | 1 | ₹1,25,000 |
| पैकिंग मशीन | 1 | ₹2,60,000 |
| माल ढोने का सामान (डिब्बे, ट्रॉली, कन्वेयर, साइलो, तौल मशीन, बकेट एलिवेटर) | 1 लॉट | ₹4,00,000 |
| ग्रेविटी सेपरेटर (बड़ी इकाई) | 1 | ₹2,60,000 |
| दो और तीन जाली वाली वाइब्रो छलनी | 2 | ₹1,85,000 और ₹2,10,000 |
| वाइब्रो डी-स्टोनर | 1 | ₹3,10,000 |
| बकेट एलिवेटर | 3 | ₹3,00,000 (₹1,00,000 हर एक) |
| एस्पिरेशन सिस्टम, साइक्लोन, ब्लोअर, रोटरी एयरलॉक | हर एक 1 | ₹45,000, ₹32,000, ₹45,000, ₹30,000 |
स्रोत: PMEGP sample project report — Amaranthus Processing Unit (DPR) (prepared by Udyami/Samadhan) · PMEGP sample project report — Amaranthus Seed Processing Unit (prepared by Udyami/Samadhan)
- कटा हुआ राजगिरा बीजतीनों रिपोर्टों में यही एक कच्चा माल; भंडारण के लिए 11–13% नमी तक सुखाया जाता है
- पैकिंग सामग्रीथैले या पैकेट तौलकर भरे और बंद किए जाते हैं
स्रोत: PMEGP sample project report — Amaranthus Processing Unit (prepared by Udyami/Samadhan) · PMEGP sample project report — Amaranthus Seed Processing Unit (prepared by Udyami/Samadhan)
§5लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन
- FSSAI लाइसेंस या पंजीकरण
- उद्यम (Udyam)
- GST
- अपने ब्रांड का ट्रेडमार्क (ज़रूरी नहीं)
§6योजनाएँ और सब्सिडी
- PMEGPCentralचालू15–35% सब्सिडी
- PMFMECentralअस्पष्ट35% सब्सिडी, अधिकतम ₹10 लाख
- CGTMSECentralचालूबिना कोलैटरल, ₹10 करोड़ तक
- MudraCentralचालू₹20 लाख तक कर्ज़, बिना कोलैटरल
- AIFCentralअस्पष्ट3% ब्याज छूट, ₹2 करोड़ तक
रिपोर्टें PMEGP के लिए बनी हैं। PMFME सूक्ष्म खाद्य इकाइयों के लिए है; AIF किसान समूहों और कृषि उद्यमियों की प्राथमिक प्रसंस्करण इकाइयों में मदद करता है।
§7पैसा
निवेश का आधार: तीन Samadhan रिपोर्टें: ₹19.04 लाख (प्लांट और मशीनरी ₹14.45 लाख, फ़र्नीचर ₹1.00 लाख, कार्यशील पूँजी ₹3.59 लाख); ₹23.54 लाख (प्लांट और मशीनरी ₹14.37 लाख, फ़र्नीचर ₹0.80 लाख, कार्यशील पूँजी ₹8.37 लाख); ₹24.03 लाख (प्लांट और मशीनरी ₹15.50 लाख, फ़र्नीचर ₹0.25 लाख, अन्य संपत्ति ₹0.50 लाख, कार्यशील पूँजी ₹7.78 लाख)। तीनों में ज़मीन-भवन अपना या किराए का।
चालू पूँजी (वर्किंग कैपिटल): तीनों रिपोर्टों में बैंक की कार्यशील पूँजी ₹3.23 लाख, ₹7.53 लाख और ₹7.00 लाख — 10 दिन का बीज और 10–15 दिन का तैयार माल।
रिपोर्टों पर साल नहीं छपा है — मशीनों के आज के दाम जाँच लें।
§8निर्यात की संभावना
निर्यात से पहले HS कोड DGFT ITC(HS) सूची में पक्का करें
निर्यात परिषद / बोर्ड: APEDA
- राजगिरा छद्म-अनाज है; इसकी सही ITC(HS) लाइन DGFT या कस्टम ब्रोकर से पक्की करें।
- पहली खेप भेजने से पहले DGFT से आयात-निर्यात कोड (IEC) लेना होगा।
§9जोखिम — लोग कहाँ नाकाम होते हैं
- फ़सल ख़राब हो तो बीज महँगा
- पैक दाने में कंकड़ या धातु रह जाना
- बड़े पैकरों से दाम की टक्कर
- कीड़े या नमी से स्टॉक का नुक़सान
§1030 / 60 / 90 दिन की योजना
यह आम योजना है, जो हर बिज़नेस पर लागू होती है। इस बिज़नेस की ख़ास योजना शोध के बाद जोड़ी जाएगी।
- दिन 1–30: राजगिरा (रामदाना) बीज प्रसंस्करण की एक चालू यूनिट देखने जाएँ, 10 खरीदारों से दाम और मात्रा पूछें, और 3 सप्लायरों से कोटेशन लें।
- दिन 31–60: Udyam (उद्यम) रजिस्ट्रेशन और ज़रूरी लाइसेंस (FSSAI लाइसेंस या पंजीकरण, उद्यम (Udyam)), प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR), और योजना या लोन की फ़ाइल।
- दिन 61–90: जगह और मशीनें, ट्रायल उत्पादन, और पहले 10 ग्राहकों तक माल।
§11किससे जुड़ें
एसोसिएशन, क्लस्टर और ट्रेनिंग संस्थान — इनकी सूची बन रही है। जुड़ें
§12देखें
इस बिज़नेस पर अभी कोई एपिसोड नहीं आया है। पॉडकास्ट पर शो जल्द आ रहे हैं।
राजगिरा (रामदाना) बीज प्रसंस्करण शुरू करना है?
DPR, लोन फ़ाइल या रजिस्ट्रेशन — WhatsApp पर पूछें।
¶स्रोत
- PMEGP sample project report — Amaranthus Processing Unit (DPR) (prepared by Udyami/Samadhan)
- PMEGP sample project report — Amaranthus Processing Unit (prepared by Udyami/Samadhan)
- PMEGP sample project report — Amaranthus Seed Processing Unit (prepared by Udyami/Samadhan)
डेटा की समीक्षा: 6 अक्टूबर 2026. कोई गलती दिखी? हमें बताएँ. सिर्फ़ जानकारी के लिए — यह कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं है।
