§1यह बिज़नेस क्या है
चावल, गेहूँ और ओट्स को लगभग 60°C पर दूध के साथ मिलाया जाता है, पाश्चराइज़ किया जाता है (85–95°C पर लगभग 30 सेकंड), होमोजेनाइज़ किया जाता है, पोषक तत्व ठीक किए जाते हैं, स्टरलाइज़ किया जाता है (118°C पर 10–15 मिनट), स्प्रे ड्रायर से पाउडर बनाकर डिब्बों में भरा जाता है। यह शिशुओं का नियंत्रित आहार है, इसलिए ज़्यादातर खाद्य इकाइयों से ज़्यादा सफ़ाई और जाँच ज़रूरी है।
क्षमता: रोज़ 80 किलो, साल में 24,000 किलो (500 ग्राम के 48,000 डिब्बे); योजना पहले साल 60% और पाँचवें साल 80% पर चलती है।
§2क्या यह आपके लिए है?
किसके लिए
खाद्य तकनीक या डेयरी का जानकार जो शिशु आहार के सख़्त नियम निभाने को तैयार हो।
किसके लिए नहीं
पहली बार खाद्य व्यवसाय शुरू करने वाला जिसके पास प्रयोगशाला और सफ़ाई की व्यवस्था नहीं है।
फ़ायदे
- रिपोर्ट के अनुसार शिशु आहार शिशु देखभाल की सबसे तेज़ बढ़ने वाली श्रेणियों में है
- ऊँचा सकल मार्जिन (लगभग 37–42%)
- अनाज और दूध का सीधा नुस्ख़ा
- बड़े बच्चों के लिए सादा अनाज और दलिया मिक्स भी जोड़ सकते हैं
नुकसान
- शिशु आहार के सख़्त नियम — लाइसेंस, मानक, लेबल और जाँच
- बड़े ब्रांड छाए हैं और माता-पिता उन्हीं पर भरोसा करते हैं
- क़ानून शिशु आहार के विज्ञापन पर रोक लगाता है
- ब्रेक-ईवन 51% पर ऊँचा है
कौन-से हुनर चाहिए
- डेयरी प्रसंस्करण और स्प्रे ड्राइंग
- पोषक तत्वों की जाँच और खाद्य सुरक्षा प्रणाली
- नियमों और लेबल का पालन
- केमिस्ट और दुकानों से वितरण
कठिनाई 5/5 क्यों: शिशु आहार पर सबसे सख़्त खाद्य सुरक्षा नियम लागू हैं और डेयरी प्रसंस्करण का हुनर चाहिए।
§3बाज़ार
कौन ख़रीदता है
- शिशुओं और छोटे बच्चों के माता-पिता
- केमिस्ट और शिशु देखभाल की दुकानें
- सुपरमार्केट और किराना दुकानें
कैसे बिकता है
- केमिस्ट और किराना दुकानों तक वितरक
- 500 ग्राम के खुदरा डिब्बे
जानने लायक
- रिपोर्ट के अनुसार शिशु आहार बाज़ार 2014 में USD 50.7 अरब था और 2020 तक USD 72.7 अरब होने का अनुमान था।
- रिपोर्ट कहती है कि अनाज आम तौर पर शिशु का पहला ठोस आहार होता है और पाउडर सबसे सस्ता रूप है।
§4कच्चा माल और मशीनें
| सामान | संख्या | लागत |
|---|---|---|
| दूध भंडारण टैंक (स्टेनलेस स्टील) | — | — |
| दूध गरम और पाश्चराइज़ करने का बॉयलर | — | — |
| कच्चे माल के डिब्बे (बिन) | — | — |
| औद्योगिक मिक्सर-ग्राइंडर | — | — |
| होमोजेनाइज़र | — | — |
| एटमाइज़र वाला स्प्रे ड्रायर | — | — |
| डिब्बे धोने की मशीन | — | — |
| स्टरलाइज़र | — | — |
| अनाज पाउडर पैकिंग मशीन | — | — |
| कुल प्लांट और मशीनरी (अलग-अलग दाम नहीं छपे) | — | ₹13.85 lakh |
स्रोत: PMEGP sample project report — Baby Cereal Milk Food Project (prepared by Udyami/Samadhan)
- दूधपूरी क्षमता पर साल में 72,000 लीटर, ₹28 प्रति लीटर
- चावलसाल में 11,040 किलो, ₹35 प्रति किलो
- गेहूँसाल में 9,600 किलो, ₹18 प्रति किलो
- ओट्ससाल में 5,000 किलो, ₹190 प्रति किलो
- डिब्बेसाल में 48,000, ₹22 प्रति डिब्बा
- परिरक्षक और अन्य रसायनरिपोर्ट में लिखे हैं, अलग से ख़र्च नहीं दिया
स्रोत: PMEGP sample project report — Baby Cereal Milk Food Project (prepared by Udyami/Samadhan)
§5लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन
- FSSAI राज्य या केंद्रीय लाइसेंस
- जहाँ गुणवत्ता नियंत्रण आदेश लागू हो वहाँ शिशु आहार का BIS प्रमाणन — BIS से पक्का करें
- उद्यम (Udyam) पंजीकरण
- GST पंजीकरण
- राज्य प्रदूषण बोर्ड की सहमति (डेयरी का गंदा पानी)
- FSSAI और शिशु दुग्ध विकल्प (IMS) अधिनियम के लेबल नियम
§6योजनाएँ और सब्सिडी
- PMFMECentralअस्पष्ट35% सब्सिडी, अधिकतम ₹10 लाख
- PMEGPCentralचालू15–35% सब्सिडी
- CGTMSECentralचालूबिना कोलैटरल, ₹10 करोड़ तक
- MudraCentralचालू₹20 लाख तक कर्ज़, बिना कोलैटरल
PMFME खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों पर लागू है; PMEGP (रिपोर्ट इसी के लिए बनी है), बिना गारंटी कर्ज़ के लिए CGTMSE और ₹20 लाख तक MUDRA भी लागू हैं।
§7पैसा
निवेश का आधार: प्लांट और मशीनरी ₹13.85 लाख + फ़र्नीचर ₹1.15 लाख + कार्यशील पूँजी ₹6.67 लाख = ₹21.67 लाख; ज़मीन और 1,500 वर्ग फ़ुट का शेड अपना या किराए का।
चालू पूँजी (वर्किंग कैपिटल): प्रोजेक्ट लागत में कार्यशील पूँजी ₹6.67 लाख (बैंक से ₹6.00 लाख): 14 दिन का कच्चा माल और 10 दिन के तैयार डिब्बे।
रिपोर्ट पर साल नहीं छपा है — मशीनों और कच्चे माल के आज के दाम पता करें।
§8निर्यात की संभावना
निर्यात परिषद / बोर्ड: APEDA
- प्रोजेक्ट रिपोर्ट में HS कोड नहीं छपा है; निर्यात से पहले DGFT की वेबसाइट या कस्टम ब्रोकर से 8 अंकों वाली ITC(HS) लाइन पता करें।
- पहली खेप भेजने से पहले DGFT से आयात-निर्यात कोड (IEC) लेना ज़रूरी है।
§9जोखिम — लोग कहाँ नाकाम होते हैं
- संक्रमण या पोषक तत्वों में कमी — शिशुओं के लिए बहुत गंभीर
- सरकारी कार्रवाई या माल वापसी
- दूध का दाम बढ़ना
- भरोसेमंद ब्रांडों के सामने धीमी स्वीकार्यता
§1030 / 60 / 90 दिन की योजना
यह आम योजना है, जो हर बिज़नेस पर लागू होती है। इस बिज़नेस की ख़ास योजना शोध के बाद जोड़ी जाएगी।
- दिन 1–30: शिशु अनाज-दूध आहार की एक चालू यूनिट देखने जाएँ, 10 खरीदारों से दाम और मात्रा पूछें, और 3 सप्लायरों से कोटेशन लें।
- दिन 31–60: Udyam (उद्यम) रजिस्ट्रेशन और ज़रूरी लाइसेंस (FSSAI राज्य या केंद्रीय लाइसेंस, जहाँ गुणवत्ता नियंत्रण आदेश लागू हो वहाँ शिशु आहार का BIS प्रमाणन — BIS से पक्का करें), प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR), और योजना या लोन की फ़ाइल।
- दिन 61–90: जगह और मशीनें, ट्रायल उत्पादन, और पहले 10 ग्राहकों तक माल।
§11किससे जुड़ें
एसोसिएशन, क्लस्टर और ट्रेनिंग संस्थान — इनकी सूची बन रही है। जुड़ें
§12देखें
इस बिज़नेस पर अभी कोई एपिसोड नहीं आया है। पॉडकास्ट पर शो जल्द आ रहे हैं।
शिशु अनाज-दूध आहार शुरू करना है?
DPR, लोन फ़ाइल या रजिस्ट्रेशन — WhatsApp पर पूछें।
¶स्रोत
डेटा की समीक्षा: 6 अक्टूबर 2026. कोई गलती दिखी? हमें बताएँ. सिर्फ़ जानकारी के लिए — यह कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं है।
