§1यह बिज़नेस क्या है
फूलों या ज्यामितीय डिज़ाइन को पीतल की चादर पर काटकर संगमरमर पर उतारा जाता है और हाथ की छेनी से खोदा जाता है; रंगीन और अर्ध-क़ीमती पत्थरों के टुकड़े हाथ से चलने वाले चक्के (सान और कमानी) पर आकार दिए जाते हैं, पारंपरिक गोंद से खाँचों में जमाए जाते हैं और गहरी चमक तक पॉलिश किए जाते हैं। टेबल टॉप, प्लेट, कोस्टर, शतरंज बोर्ड, फूलदान, फ़ोटो फ़्रेम और मूर्तियाँ आर्ट गैलरी, पर्यटन दुकानों, मंदिरों, कंपनियों और निर्यात के लिए जाती हैं। यह मुग़ल काल का शिल्प है, जिसे कुछ कारीगर परिवार ज़िंदा रखे हुए हैं।
क्षमता: रोज़ 100 नग; पहले साल 50%।
§2क्या यह आपके लिए है?
किसके लिए
पच्चीकारी क्लस्टर का कारीगर परिवार या शिल्प उद्यमी, जिसकी पर्यटन और निर्यात ख़रीदारों तक पहुँच हो।
किसके लिए नहीं
जिसके पास प्रशिक्षित पच्चीकारी कारीगर न हों।
फ़ायदे
- मज़बूत कहानी वाला अनोखा विरासत शिल्प
- पर्यटन और निर्यात बाज़ार में ऊँचा मूल्य
- बिजली और मशीन की ज़रूरत बहुत कम
- कंपनियों के उपहार और मंदिरों के ऑर्डर
नुकसान
- कुछ ही उस्ताद कारीगरों पर निर्भरता
- धीमा, हुनर वाला हाथ का काम उत्पादन सीमित करता है
- पर्यटन की माँग ऊपर-नीचे होती है
- सस्ती नक़ल से दाम गिरते हैं
कौन-से हुनर चाहिए
- डिज़ाइन और संगमरमर की खुदाई
- पत्थरों को आकार देना और जड़ना
- पॉलिश
- गैलरी, पर्यटन और निर्यात में बिक्री
कठिनाई 3/5 क्यों: दुर्लभ कुशल कारीगर और अच्छे ख़रीदार चाहिए; कारोबार का बाक़ी हिस्सा आसान है।
§3बाज़ार
कौन ख़रीदता है
- आर्ट गैलरी और हस्तशिल्प एम्पोरियम
- पर्यटन बाज़ार की दुकानें
- मंदिर (मूर्तियाँ)
- कंपनियों के उपहार ख़रीदार
- विदेशी आयातक
कैसे बिकता है
- पर्यटकों को शोरूम या वर्कशॉप से बिक्री
- हस्तशिल्प मेले और प्रदर्शनियाँ
- व्यापारी निर्यातकों के ज़रिए निर्यात
- ऑनलाइन शिल्प प्लेटफ़ॉर्म
जानने लायक
- रिपोर्ट प्लेट, डिब्बे, ट्रे, कोस्टर सेट, शतरंज और बैकगैमन बोर्ड, फूलदान, पेन होल्डर, फ़ोटो फ़्रेम, मूर्तियाँ और सुलेख जैसे उत्पाद बताती है।
- रिपोर्ट के अनुसार संगमरमर पच्चीकारी का टेबल टॉप आकार और बारीकी के हिसाब से लगभग 80 अमेरिकी डॉलर से शुरू हो सकता है।
§4कच्चा माल और मशीनें
| सामान | संख्या | लागत |
|---|---|---|
| पारंपरिक ज्यामितीय औज़ार (डिज़ाइन बाँटना और ख़ाका बनाना) | 1 सेट | — |
| सान और कमानी (हाथ से चलने वाला पत्थर घिसने का चक्का) | ज़रूरत के अनुसार | — |
| हाथ से चलने वाला एमरी चक्का | ज़रूरत के अनुसार | — |
| छेनी के औज़ार (टंकिया और नरज़ी) | 1 सेट | — |
| सभी औज़ार और उपकरण मिलाकर | 1 सेट | ₹0.60 lakh (approx.) |
स्रोत: PMEGP sample project report — Marble Inlay Sculpture (prepared by Udyami/Samadhan)
- संगमरमर (आधार पत्थर और रंगीन टुकड़े)रिपोर्ट में औसत कच्चा माल ₹220–240 प्रति नग
- अर्ध-क़ीमती पत्थर (मैलाकाइट, कार्नेलियन, जैस्पर, लाजवर्द, सीप, मूँगा, फ़िरोज़ा, टाइगर आई)रिपोर्ट में नाम
- पारंपरिक गोंद / सफ़ेद पुट्टी (तेल, लेड ऑक्साइड, मोम) और पॉलिश सामग्रीजड़ने और चमकाने के लिए
स्रोत: PMEGP sample project report — Marble Inlay Sculpture (prepared by Udyami/Samadhan)
कच्चे माल के डेटाबेस में
§5लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन
- उद्यम (Udyam) पंजीकरण
- GST
- विकास आयुक्त (हस्तशिल्प) से कारीगर कार्ड / हस्तशिल्प पंजीकरण (वैकल्पिक)
- निर्यात के लिए IEC
§6योजनाएँ और सब्सिडी
- PMEGPCentralचालू15–35% सब्सिडी
- MudraCentralचालू₹20 लाख तक कर्ज़, बिना कोलैटरल
- CGTMSECentralचालूबिना कोलैटरल, ₹10 करोड़ तक
- Stand-Up IndiaCentralबंद₹10 लाख – ₹1 करोड़ कर्ज़
PMEGP उपयुक्त; MUDRA में ₹20 लाख तक कर्ज़; CGTMSE; SC/ST या महिला उद्यमी के लिए Stand-Up India।
§7पैसा
निवेश का आधार: समाधान रिपोर्ट: परियोजना लागत ₹11.66 लाख छपी है = सिविल काम ₹5.40 लाख + फ़र्नीचर और फ़िक्स्चर ₹2.00 लाख + कार्यशील पूँजी ₹4.26 लाख। औज़ार और उपकरण लगभग ₹0.60 लाख। (PMEGP पोर्टल पर यह रिपोर्ट ₹18.31 लाख की दिखती है; यहाँ रिपोर्ट के अंदर छपा आँकड़ा लिया गया है।)
चालू पूँजी (वर्किंग कैपिटल): संगमरमर और पत्थर औसतन ₹220–240 प्रति नग; कार्यशील पूँजी ₹4.26 लाख (बैंक ₹3.84 लाख)।
रिपोर्ट पर वर्ष छपा नहीं है — मशीनों के आज के दाम पता करें।
§8निर्यात की संभावना
निर्यात से पहले HS कोड DGFT ITC(HS) सूची में पक्का करें
निर्यात परिषद / बोर्ड: Export Promotion Council for Handicrafts (EPCH)
- 8 अंकों वाली ITC(HS) लाइन DGFT या अपने कस्टम ब्रोकर से पक्की करें।
- पहली खेप भेजने से पहले DGFT से आयात-निर्यात कोड (IEC) लेना ज़रूरी है।
§9जोखिम — लोग कहाँ नाकाम होते हैं
- कारीगरों की कमी
- पर्यटन में मंदी
- ढुलाई में टूट-फूट
- नक़ली उत्पाद
§1030 / 60 / 90 दिन की योजना
यह आम योजना है, जो हर बिज़नेस पर लागू होती है। इस बिज़नेस की ख़ास योजना शोध के बाद जोड़ी जाएगी।
- दिन 1–30: संगमरमर पच्चीकारी (इनले) शिल्प की एक चालू यूनिट देखने जाएँ, 10 खरीदारों से दाम और मात्रा पूछें, और 3 सप्लायरों से कोटेशन लें।
- दिन 31–60: Udyam (उद्यम) रजिस्ट्रेशन और ज़रूरी लाइसेंस (उद्यम (Udyam) पंजीकरण, GST), प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR), और योजना या लोन की फ़ाइल।
- दिन 61–90: जगह और मशीनें, ट्रायल उत्पादन, और पहले 10 ग्राहकों तक माल।
§11किससे जुड़ें
एसोसिएशन, क्लस्टर और ट्रेनिंग संस्थान — इनकी सूची बन रही है। जुड़ें
§12देखें
इस बिज़नेस पर अभी कोई एपिसोड नहीं आया है। पॉडकास्ट पर शो जल्द आ रहे हैं।
संगमरमर पच्चीकारी (इनले) शिल्प शुरू करना है?
DPR, लोन फ़ाइल या रजिस्ट्रेशन — WhatsApp पर पूछें।
¶स्रोत
डेटा की समीक्षा: 6 अक्टूबर 2026. कोई गलती दिखी? हमें बताएँ. सिर्फ़ जानकारी के लिए — यह कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं है।
