§1किसके लिए

  • नई विनिर्माण MSME, और विस्तार/विविधीकरण करने वाली मौजूदा MSME, जो 01.06.2026 से 31.05.2031 के बीच व्यावसायिक उत्पादन शुरू करें

काम की है अगर

गुजरात में नई या विस्तार करने वाली विनिर्माण MSME, खासकर श्रेणी A तालुकों में

समय न लगाएँ अगर

व्यापारी, सेवा इकाइयाँ और 1 जून 2026 से पहले ही उत्पादन में आ चुकी इकाइयाँ

§2पात्रता

  1. उद्यम = कंपनी/फर्म/LLP/सोसाइटी/ट्रस्ट/औद्योगिक सहकारी/प्रोप्राइटरशिप जो विनिर्माण, उत्पादन, प्रसंस्करण या जॉब वर्क करे
  2. भारत में सभी इकाइयों की कुल प्लांट और मशीनरी से MSME तय होगा: सूक्ष्म ₹2.5 करोड़ तक; लघु ₹2.5–25 करोड़; मध्यम ₹25–125 करोड़; स्थिति परियोजना पूरी होने की तिथि पर तय
  3. नए उद्यम के पास Udyam/LoI/LoA/IEM/MCA21 आदि होना चाहिए; अलग से पहचाना जा सकने वाला FCI और अलग खाते
  4. विस्तार: उसी परिसर में GFCI में +50%, उसका 60% प्लांट और मशीनरी में, क्षमता में +50%, और पिछले 3 में से किसी एक साल में 75% क्षमता उपयोग; पिछली परियोजना पूरी होने के एक साल बाद ही पात्र
  5. विविधीकरण: उसी परिसर में GFCI में +25% (सूक्ष्म/लघु) या +50% (मध्यम), उसका 60% प्लांट और मशीनरी में
  6. 01.01.2026 से भुगतान की गई संपत्तियाँ; बढ़ी हुई निवेश अवधि DoCP से 12 महीने (प्लांट और मशीनरी ₹50 करोड़ तक) या 18 महीने (₹50 करोड़ से ऊपर)
  7. 01.06.2026 से पहले उत्पादन शुरू करने वाली इकाइयाँ पुरानी आत्मनिर्भर योजना में रहेंगी; बाकी GR के 6 महीने के अंदर पुरानी योजना चुन सकती हैं (पुरानी योजना केवल तब, जब DoCP 04.10.2027 को या उससे पहले हो)
  8. अगर उसी GFCI पर पहले कोई राज्य प्रोत्साहन मिल चुका है तो कोई प्रोत्साहन नहीं
  9. 85% कर्मचारी गुजरात के निवासी होने चाहिए; प्रबंधन/पर्यवेक्षक पदों पर 60%
  10. अपात्र: ज़मीन, कार्यशील पूंजी, गुडविल, रॉयल्टी, उत्पादन से पहले के खर्च, पुरानी मशीनरी, पूंजीकृत ब्याज, किराये/पट्टे की संपत्तियाँ, गैर-कैप्टिव बिजली संयंत्र, NBFC लोन

§3लाभ

  • तालुका की सीमा के अंदर पूंजी सब्सिडी, ब्याज सब्सिडी और बिजली दर सब्सिडी में से कोई एक या इनका मेल चुनें
  • महिला उद्यमियों, पंजीकृत विनिर्माण स्टार्टअप और पहली पीढ़ी के उद्यमियों को 1% अतिरिक्त ब्याज सब्सिडी (सीमा के अंदर)

§4नियम — सहायता का तरीका

  1. श्रेणी A: 5 साल में eFCI का 45% सीमा; सूक्ष्म को पूंजी सब्सिडी eFCI का 35%, 1 साल में भुगतान; लघु और मध्यम को 35% 5 साल में; ब्याज 5 साल तक टर्म लोन पर 7%, eFCI के 10% तक; बिजली 5 साल तक ₹2 प्रति यूनिट, eFCI के 25% तक
  2. श्रेणी B: eFCI का 35% सीमा; पूंजी सब्सिडी 25% (सूक्ष्म को 1 साल में, लघु और मध्यम को 5 साल में); ब्याज 5 साल तक 7%, eFCI के 10% तक; बिजली 5 साल तक ₹1 प्रति यूनिट, eFCI के 25% तक
  3. चुने हुए प्राथमिक क्षेत्र (खेल का सामान, खिलौने, जूते-चप्पल, रोबोट, ड्रोन): सीमा 50% (A) / 45% (B); पूंजी सब्सिडी 35% (A) / 30% (B); ब्याज 5 साल तक 7%, eFCI के 20% तक; बिजली ₹2 (A) / ₹1 (B) प्रति यूनिट, eFCI के 20% तक
  4. सालाना सीमा: लघु और मध्यम eFCI का 9% (A) / 7% (B) (प्राथमिक क्षेत्र 10%/9%); सूक्ष्म साल 1 में 37%/27% फिर हर साल 2% (प्राथमिक क्षेत्र 38%/33% फिर 3%); आगे नहीं जुड़ता
  5. इकाई को कम से कम 2% ब्याज खुद भरना होगा; डिफ़ॉल्ट की अवधि सब्सिडी अवधि से घटती है
  6. परियोजना ढाँचे को 50% पर गिना जाता है; तकनीक/डिज़ाइन/पेटेंट की लागत प्लांट और मशीनरी eFCI के 10% तक
  7. DoCP पर eFCI के 40% के लिए PEC जारी; DoCP के 6 महीने के अंदर आवेदन; देर से FEC 2 साल के अंदर, अनुपात में कटौती के साथ
  8. राज्य + केंद्र के कुल प्रोत्साहन eFCI से ज़्यादा नहीं हो सकते; उल्लंघन पर 18% ब्याज के साथ वसूली

§5दस्तावेज़

जो दस्तावेज़ तैयार हो जाए, उस पर निशान लगाते जाएँ।

लागू होने पर GPCB प्रमाणपत्र

§6आवेदन कैसे करें

  1. 1

    DoCP के बाद IFP Gujarat पर ऑनलाइन आवेदन करें

  2. 2

    सूक्ष्म और लघु: GM, DIC मंज़ूरी देते हैं; मध्यम: MSME आयुक्त

§7फ़ायदे और नुकसान

फ़ायदे

  • सूक्ष्म इकाइयों को पूरी पूंजी सब्सिडी साल 1 में मिलती है (GR 4.2)
  • पूंजी, ब्याज और बिजली सब्सिडी को अपनी ज़रूरत के हिसाब से मिलाया जा सकता है (GR 4.2)

नुकसान

  • आवेदन के लिए सख़्त 6 महीने की अवधि; देर से आवेदन पर लाभ कटता है, 2 साल के बाद खारिज (GR 21)
  • 85% कर्मचारी गुजरात के निवासी होने की शर्त (GR 5.4)
  • विस्तार के लिए क्षमता में +50% और पहले 75% उपयोग ज़रूरी (GR 1.5)

→मिलती-जुलती योजनाएँ

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हमारा हितमदद हमारी पेड सेवा है। योजना में आवेदन आप ख़ुद भी कर सकते हैं।

स्रोत

  1. GR No. IMD/WRT/e-file/9/2026/2630/CH dated 25/09/2026 — Viksit Gujarat Industrial Policy-2026, Scheme for assistance to MSMEs
  2. Viksit Gujarat Industrial Policy 2026 (Industries Commissionerate)
  3. GR No. IMD/HMR/e-file/9/2026/2211/I dated 08-09-2026 — Classification of talukas under Viksit Gujarat Industrial Policy-2026

18 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया। केवल जानकारी के लिए — विभाग या बैंक से पक्का करें। कोई गलती दिखी? बताएँ.