§1किसके लिए

  • J&K में नई इकाइयाँ, मौजूदा इकाइयाँ और बड़ा विस्तार करने वाली मौजूदा इकाइयाँ

काम की है अगर

J&K की विनिर्माण इकाइयाँ जिन्हें अपनी बैकअप बिजली चाहिए।

समय न लगाएँ अगर

वे इकाइयाँ जो यह सब्सिडी पहले ले चुकी हैं और विस्तार नहीं कर रहीं।

§2पात्रता

  1. नई इकाइयाँ, मौजूदा इकाइयाँ और बड़ा विस्तार करने वाली मौजूदा इकाइयाँ।
  2. केवल एक नया DG सेट, 10 kW से 2000 kW तक; नीति में यह प्रोत्साहन केवल एक बार मिलेगा।
  3. जिन विस्तार करने वाली इकाइयों ने मौजूदा लोड पर सब्सिडी पहले ले ली है, उन्हें केवल बढ़े हुए बिजली लोड पर मिलेगी; पहले नहीं ली तो विस्तार के बाद के कुल लोड पर।
  4. जो मौजूदा इकाइयाँ बड़ा विस्तार नहीं कर रहीं और यह प्रोत्साहन पहले ले चुकी हैं, वे पात्र नहीं।
  5. 125 KVA और उससे बड़े DG सेट में NGT की शर्तों के अनुसार उत्सर्जन नियंत्रण उपकरण लगे होने चाहिए।

§3लाभ

  • एक नए DG सेट की खरीद और लगाने पर 100% सब्सिडी, Zone A में अधिकतम Rs 40 लाख और Zone B में Rs 45 लाख।

§4नियम — सहायता का तरीका

DG सेट लगने की जाँच के बाद भुगतान।

  1. भुगतान केवल बैंक (या कर्ज़ देने वाली एजेंसी) के ज़रिए, चाहे कर्ज़ न लिया हो।
  2. मंज़ूरी: Rs 5 लाख तक General Manager DIC; Rs 5-50 लाख Divisional Level Committee; Rs 50 लाख से ऊपर UT Level Committee; मंज़ूरी के 15 दिन के अंदर भुगतान; भुगतान से पहले DIC 10% दावों की ऑडिट करता है।

§5दस्तावेज़

प्रकाशित नहीं

गाइडलाइन में दस्तावेज़ों की सूची नहीं दी गई है। आवेदन से पहले पोर्टल या बैंक से पूछ लें — हम अंदाज़े से सूची नहीं बनाते।

§6आवेदन कैसे करें

  1. 1

    J&K Single Window पर 'My Incentive' (Department of Industries & Commerce) में आवेदन करें।

§7फ़ायदे और नुकसान

फ़ायदे

  • बैकअप DG सेट का पूरा खर्च Rs 40-45 लाख तक मिलता है - जहाँ ग्रिड की बिजली भरोसेमंद नहीं, वहाँ काम का (संकलन)।

नुकसान

  • केवल एक बार; 125 KVA और उससे बड़े सेट में उत्सर्जन नियंत्रण उपकरण लगाना ज़रूरी, जिससे खर्च बढ़ता है।

→मिलती-जुलती योजनाएँ

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हमारा हितमदद हमारी पेड सेवा है। योजना में आवेदन आप ख़ुद भी कर सकते हैं।

स्रोत

  1. Compendium of Schemes for MSMEs - UT of J&K (Industries & Commerce Dept with SIDBI PMU, Nov 2022), hosted on J&K Single Window
  2. J&K Single Window - 'Jammu and Kashmir: Policies and Schemes' brochure (2022)

18 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया। केवल जानकारी के लिए — विभाग या बैंक से पक्का करें। कोई गलती दिखी? बताएँ.