§1यह बिज़नेस क्या है
टमाटर धोकर छाँटे जाते हैं, कुचलकर पल्पर से बीज और छिलका अलग होता है, केतली में मीठा, सिरका, नमक और मसालों के साथ पकाया जाता है, फ़िनिश और हवा-रहित करके गरम (88°C से कम नहीं) पाउच या बोतलों में भरा जाता है। पैक 8 ग्राम सैशे से 1 किलो पाउच तक। फ़ास्ट फ़ूड और QSR की बढ़त माँग बढ़ाती है।
क्षमता: 100 किलो प्रति घंटा, साल में 1,92,000 किलो; पहले साल 50% (96,000 किलो)। पूरी क्षमता पर टमाटर व अन्य सामग्री 2,02,105 किलो सालाना (5% बर्बादी)।
§2क्या यह आपके लिए है?
किसके लिए
टमाटर उगाने वाले क्षेत्र का खाद्य उद्यमी, जो रेस्तराँ, कैटरर और स्थानीय दुकानों को बेच सके।
किसके लिए नहीं
जो शुरू से सुपरमार्केट में राष्ट्रीय ब्रांडों को हराने की सोचे।
फ़ायदे
- मशीनरी सस्ती (सूची की मशीनें ₹5.40 लाख)
- मौसम में टमाटर सस्ता (रिपोर्ट में ₹10 प्रति किलो)
- फ़ास्ट-फ़ूड दुकानों, ढाबों और घरों से माँग
- छोटे सैशे रेस्तराँ और कैटरर को थोक में बिकते हैं
नुकसान
- रिपोर्ट के अनुसार तीन बड़े ब्रांडों के पास तीन-चौथाई से ज़्यादा बाज़ार
- बेमौसम टमाटर के दाम उछलते हैं
- शुद्ध लाभ कम (₹2.17–3.84 लाख सालाना)
- गरम भराई और स्वच्छता ठीक न हो तो माल ख़राब
कौन-से हुनर चाहिए
- सॉस पकाना और नुस्ख़े पर नियंत्रण
- खाद्य सुरक्षा और गरम भराई
- मौसम में टमाटर ख़रीदना
- होटल-रेस्तराँ और कैटरर को बिक्री
कठिनाई 3/5 क्यों: लगाना सस्ता है, पर टमाटर के दाम और ब्रांडों की होड़ मुनाफ़ा दबाते हैं।
§3बाज़ार
कौन ख़रीदता है
- फ़ास्ट-फ़ूड दुकानें, QSR और ढाबे
- कैटरर और कैंटीन
- घर-परिवार
कैसे बिकता है
- खाद्य व्यवसायों को सैशे और 1 किलो पाउच की सीधी आपूर्ति
- वितरकों के ज़रिए किराना दुकानें
- अपने ब्रांड से सुपरमार्केट
जानने लायक
- रिपोर्ट के अनुसार भारत में कैचप और सॉस का बाज़ार ₹2,000 करोड़ से ज़्यादा है।
- रिपोर्ट मैगी (नेस्ले), किसान (HUL) और टॉप्स (जी.डी. फ़ूड्स) को इसका तीन-चौथाई से ज़्यादा हिस्सा रखने वाला बताती है।
§4कच्चा माल और मशीनें
| सामान | संख्या | लागत |
|---|---|---|
| फल कुचलने की मशीन | 1 | ₹21,000 |
| पल्पर | 1 | ₹35,000 |
| केतली | 1 | ₹42,000 |
| गूदा इकट्ठा करने की टंकी | 1 | ₹21,000 |
| वैक्यूम फ़िलर | 1 | ₹45,000 |
| क्राउन कॉर्किंग मशीन | 1 | ₹10,500 |
| बॉयलर | 1 | ₹2.10 lakh |
| पाउच पैकेजिंग मशीन | 1 | ₹1.15 lakh |
| MS पाइपलाइन | — | ₹15,000 |
| लगाई और चालू करना | — | ₹25,000 |
स्रोत: PMEGP sample project report — Tomato Ketchup (prepared by Udyami/Samadhan)
- टमाटररिपोर्ट में ₹10 प्रति किलो
- प्याज़ पाउडर, लहसुन पाउडर, लाल मिर्च पाउडर, हरी मिर्च, अदरक, कद्दूचीज़ के हिसाब से ₹16–150 प्रति किलो
- एसिटिक एसिड, साइट्रिक एसिड, सोडियम बेंज़ोएट, पोटैशियम सॉर्बेटखटास और संरक्षण के लिए
- कच्चे माल की औसत लागत₹20–25 प्रति किलो (पहले साल ₹25)
- पाउच₹3.56 (250 ग्राम) से ₹5.44 (1 किलो) प्रति पाउच; औसतन लगभग ₹6 प्रति किलो
स्रोत: PMEGP sample project report — Tomato Ketchup (prepared by Udyami/Samadhan)
Building Business Bazaar में सप्लायर
Ambica Packers and Printers · Delhi →Aroras Box and Cartons Pvt Ltd · Gurugram →Jain Packaging Products · Delhi →B. Sen Berry and Company · Delhi →Control Print (India) Ltd · Delhi →Cowal Can Ltd · Barotiwala →Eastend Engineering Co · Kolkata →Energy Pack Boilers Pvt. Ltd · Vadodara →Hyderabad Tulaman Limited · Secunderabed →Jyothy Industries · Bengaluru →Kalpana Boilers · Mumbai →Poysha Industries Co. Ltd · Delhi →
कच्चे माल के डेटाबेस में
§5लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन
- FSSAI लाइसेंस
- उद्यम (Udyam) पंजीकरण
- GST पंजीकरण
- ज़रूरत के अनुसार फ़ायर और प्रदूषण अनुमति
- पैक माल के लिए लीगल मेट्रोलॉजी पंजीकरण
- ब्रांड का ट्रेडमार्क
§6योजनाएँ और सब्सिडी
- PMEGPCentralचालू15–35% सब्सिडी
- PMFMECentralअस्पष्ट35% सब्सिडी, अधिकतम ₹10 लाख
- MudraCentralचालू₹20 लाख तक कर्ज़, बिना कोलैटरल
- CGTMSECentralचालूबिना कोलैटरल, ₹10 करोड़ तक
रिपोर्ट ₹6.77 लाख पर 25% PMEGP मार्जिन मनी (₹1.69 लाख) मानती है; PMFME की 35% सब्सिडी सूक्ष्म खाद्य इकाइयों के लिए; MUDRA और CGTMSE भी लागू।
§7पैसा
निवेश का आधार: नमूना रिपोर्ट में 'परियोजना लागत' ₹6.77 लाख (मशीनरी ₹6.37 लाख, फ़र्नीचर ₹0.40 लाख)। ₹5.00 लाख कार्यशील पूँजी जोड़कर लागत तालिका का कुल ₹11.77 लाख। वित्त: अपना हिस्सा ₹1.18 लाख, टर्म लोन ₹6.09 लाख, कार्यशील पूँजी सीमा ₹4.50 लाख। जगह किराए की।
चालू पूँजी (वर्किंग कैपिटल): कार्यशील पूँजी ₹5.00 लाख (बैंक सीमा ₹4.50 लाख); टमाटर मौसमी है, इसलिए स्टॉक की योजना ज़रूरी।
नमूना रिपोर्ट पर साल नहीं छपा है — मशीनों के आज के दाम ज़रूर जाँचें।
§8निर्यात की संभावना
निर्यात से पहले HS कोड DGFT ITC(HS) सूची में पक्का करें
निर्यात परिषद / बोर्ड: APEDA
- प्रोसेस्ड खाद्य निर्यात से पहले IEC और APEDA पंजीकरण (RCMC) लें।
- आयातक देश लेबल, परिरक्षक और शेल्फ़-लाइफ़ जाँच देखते हैं।
§9जोखिम — लोग कहाँ नाकाम होते हैं
- टमाटर के दाम में उतार-चढ़ाव
- कच्ची प्रोसेसिंग से माल ख़राब
- बड़े ब्रांडों से होड़
- FSSAI नियमों का पालन न होना
§1030 / 60 / 90 दिन की योजना
यह आम योजना है, जो हर बिज़नेस पर लागू होती है। इस बिज़नेस की ख़ास योजना शोध के बाद जोड़ी जाएगी।
- दिन 1–30: टमाटर कैचप इकाई की एक चालू यूनिट देखने जाएँ, 10 खरीदारों से दाम और मात्रा पूछें, और 3 सप्लायरों से कोटेशन लें।
- दिन 31–60: Udyam (उद्यम) रजिस्ट्रेशन और ज़रूरी लाइसेंस (FSSAI लाइसेंस, उद्यम (Udyam) पंजीकरण), प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR), और योजना या लोन की फ़ाइल।
- दिन 61–90: जगह और मशीनें, ट्रायल उत्पादन, और पहले 10 ग्राहकों तक माल।
§11किससे जुड़ें
एसोसिएशन, क्लस्टर और ट्रेनिंग संस्थान — इनकी सूची बन रही है। जुड़ें
§12देखें
इस बिज़नेस पर अभी कोई एपिसोड नहीं आया है। पॉडकास्ट पर शो जल्द आ रहे हैं।
टमाटर कैचप इकाई शुरू करना है?
DPR, लोन फ़ाइल या रजिस्ट्रेशन — WhatsApp पर पूछें।
¶स्रोत
डेटा की समीक्षा: 6 अक्टूबर 2026. कोई गलती दिखी? हमें बताएँ. सिर्फ़ जानकारी के लिए — यह कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं है।
