कहानी
दामोदर घाटी की कोयला परतों के साथ मिलने वाली फ़ायर-क्ले और स्टील प्लांटों व भट्टियों की लगातार माँग से झारखंड–पश्चिम बंगाल सीमा पर चिरकुंडा में रिफ्रैक्टरी क्लस्टर बना। इकाइयाँ ब्लास्ट फ़र्नेस, भट्ठों और बॉयलरों के अस्तर के लिए ईंटें और आकार बनाती हैं। MSE-CDP कार्यक्रम के तहत इस क्लस्टर का अध्ययन किया गया है।
आँकड़ों में
चिरकुंडा रिफ्रैक्टरी क्लस्टर में 102 चालू इकाइयाँ, ₹400 करोड़ का कारोबार, ₹150 करोड़ का निर्यात (2004-05) और 7,000 लोगों का रोज़गार था।
Brief Industrial Profile of Dhanbad District, MSME-DI Ranchi, Ministry of MSME · 2012
नए उद्यमी के लिए रास्ते
- स्टील, सीमेंट और काँच संयंत्रों को विशेष रिफ्रैक्टरी सप्लाई
- रिफ्रैक्टरी लगाने और बदलने की सेवा
- रिफ्रैक्टरी गुणों की जाँच प्रयोगशाला
क्लस्टर की मुश्किलें
- कोयले से चलने वाले भट्ठे और प्रदूषण मानक
- बड़े निर्माताओं और आयात से मुकाबला
- कच्चे माल की गुणवत्ता में अंतर
यहाँ शुरू करने लायक बिज़नेस
फ़ायर क्ले रिफ़्रैक्टरी ईंट और ब्लॉक →केमिकल पोर्सिलेन (प्रयोगशाला के बर्तन) →
