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खंड 21

करगिल और लेह

Kargil, लद्दाख · खेती की उपज

ख़ुबानी — ताज़ी और सूखी, रक्त्से कारपो समेत

स्रोत वाले आँकड़े
2
मुख्य उत्पाद
4
शुरू करने लायक बिज़नेस
4

कहानी

करगिल और लेह के गाँवों में सदियों से ख़ुबानी के पेड़ उगते हैं, और परिवार सर्दियों के लिए फल धूप में सुखाते आए हैं। भारत की ज़्यादातर ख़ुबानी लद्दाख में होती है, और सफ़ेद बीज वाली रक्त्से कारपो किस्म को 2022 में GI मिला। बेहतर हवाई और सड़क संपर्क और एक UAE रिटेलर के साथ निर्यात समझौते से ताज़े फल के लिए नए बाज़ार खुल रहे हैं। जल्दी ख़राब होना और ऊँचे हिमालय से बाहर ढुलाई मुख्य अड़चनें हैं।

आँकड़ों में

  1. लद्दाख 2,612 हेक्टेयर से 15,868 टन ख़ुबानी पैदा करता है, जिसमें दो-तिहाई करगिल से और एक-तिहाई लेह से।

    Swarajya — Ladakh's premium apricots head to UAE as 1,000-tonne Lulu export initiative gets underway · 2026
  2. इस मौसम में 1,000 मीट्रिक टन से ज़्यादा लद्दाखी ख़ुबानी UAE भेजी जानी है।

    Business Today — Ladakh's unique and rare apricots set for UAE exports · 2026

GI टैग

नए उद्यमी के लिए रास्ते

  • सूखी ख़ुबानी की सोलर सुखाई और साफ़-सुथरी पैकिंग
  • ख़ुबानी गिरी का तेल और सौंदर्य प्रसाधन
  • ताज़े फल के निर्यात के लिए कोल्ड-चेन संग्रह
  • प्रीमियम बाज़ार के लिए ब्रांडेड GI रक्त्से कारपो

क्लस्टर की मुश्किलें

  • ताज़े फल का बहुत जल्दी ख़राब होना
  • हवाई और सड़क ढुलाई का ऊँचा ख़र्च
  • छोटे, बिखरे बाग़
  • पारंपरिक सुखाई में गुणवत्ता की समस्या

यहाँ शुरू करने लायक बिज़नेस

ख़ुबानी गिरी का तेल →वैक्यूम में सुखाए फल, सब्ज़ियाँ और जड़ी-बूटियाँ →फ्रूट बार →फलों का रस और मुरब्बा इकाई →

स्रोत (3)
  1. Swarajya — Ladakh's premium apricots head to UAE as 1,000-tonne Lulu export initiative gets underway
  2. Business Today — Ladakh apricots UAE exports
  3. IP India — Registration Details of Geographical Indications