कहानी
उप्पाडा काकीनाडा के पास तट पर बसा गाँव है, जहाँ बुनकरों ने जामदानी तकनीक अपनाई; इसमें अतिरिक्त बाने के धागों से हाथ से नमूने बुने जाते हैं। ये साड़ियाँ बहुत हल्के रेशम की होती हैं, जिन पर सोने और चाँदी की ज़री के डिज़ाइन होते हैं और पीछे धागे लटकते नहीं दिखते। ये पूरे भारत में शादी और त्योहार की लोकप्रिय साड़ियाँ बनीं। उप्पाडा जामदानी साड़ियों को जीआई टैग मिला है।
आँकड़ों में
जिन प्रकाशित स्रोतों को हम खोल सके, उनमें इस क्लस्टर के ताज़ा आँकड़े नहीं हैं।
GI टैग
- Uppada Jamdani Sareesआवेदन संख्या GI application no. 122Registration details of Geographical Indications (IP India GI Registry)
नए उद्यमी के लिए रास्ते
- जीआई टैग वाली उप्पाडा साड़ियों की ऑनलाइन बिक्री
- ज़री और रेशमी धागे की सप्लाई
- हल्के और कम दाम वाले उत्पादों के लिए डिज़ाइन मदद
क्लस्टर की मुश्किलें
- पावरलूम नक़ल
- एक साड़ी बुनने में लंबा समय
- गाँव में समुद्री कटाव और चक्रवात
यहाँ शुरू करने लायक बिज़नेस
ज़री और सिल्क कढ़ाई →साड़ी रोलिंग और पॉलिशिंग →हथकरघा और हस्तशिल्प की दुकान →
