कहानी
वेंकटगिरि की बुनाई अठारहवीं सदी में वेंकटगिरि के वेलुगोटी शासकों के संरक्षण में विकसित हुई, जो राज परिवार के लिए बारीक कपड़ा चाहते थे। बुनकर ज़री किनारी और जामदानी शैली के नमूनों वाली बहुत बारीक सूती साड़ियाँ बनाते हैं। गर्म मौसम में अपनी कोमलता के लिए इन्हें पसंद किया जाता है। वेंकटगिरि साड़ियों को जीआई टैग मिला है।
आँकड़ों में
जिन प्रकाशित स्रोतों को हम खोल सके, उनमें इस क्लस्टर के ताज़ा आँकड़े नहीं हैं।
GI टैग
- Venkatagiri Sareesआवेदन संख्या GI application no. 189Registration details of Geographical Indications (IP India GI Registry)
नए उद्यमी के लिए रास्ते
- सीधी ऑनलाइन बिक्री
- बारीक सूती धागे और ज़री की सप्लाई
- वेंकटगिरि कपड़े से गर्मियों के परिधान
क्लस्टर की मुश्किलें
- पावरलूम नक़ल
- धागे और ज़री की बढ़ती लागत
- बुनकरों की कम मज़दूरी
यहाँ शुरू करने लायक बिज़नेस
साड़ी रोलिंग और पॉलिशिंग →सूती धागे की रंगाई (लच्छी और पैकेज रंगाई) →हथकरघा और हस्तशिल्प की दुकान →
