§1यह बिज़नेस क्या है
केरल शैली की एक छोटी खाद्य इकाई चावल को भूनकर और पीसकर तैयार चावल पाउडर बनाती है, और मिर्च, धनिया, हल्दी, करी और जड़ी-बूटी पाउडर पीसती है। एक छोटा ऑयल एक्सपेलर खोपरे से नारियल तेल निकालता है। माल उन घरों के लिए पैक होता है जो अब ख़ुद मसाला नहीं पीसते। प्रोफ़ाइल केरल के त्रिशूर में स्थित इकाई पर है।
क्षमता: पूरी क्षमता पर साल में 89,190 kg: चावल पाउडर 34,740 kg; मिर्च, धनिया, हल्दी, करी और जड़ी-बूटी पाउडर हर एक 10,890 kg; नारियल तेल 5,285 kg। पहले साल 60%, फिर 65%।
§2क्या यह आपके लिए है?
किसके लिए
जिसका स्थानीय दुकानों में नेटवर्क हो और जो पाउडरों का भरोसेमंद घरेलू ब्रांड बनाने को तैयार हो।
किसके लिए नहीं
जो ऊँचे मार्जिन की उम्मीद करता है — यह मात्रा (वॉल्यूम) का धंधा है।
फ़ायदे
- एक ही चक्की-सेट से सात उत्पाद
- रोज़ के खाने की चीज़ें, घरों से स्थिर माँग
- परियोजना लागत कम
- प्रोफ़ाइल के अनुसार ख़रीदार बिना मिलावट वाले पैक पाउडर पसंद करते हैं
नुकसान
- प्रोफ़ाइल में मार्जिन बहुत पतला (₹78.81 लाख बिक्री पर ₹1.45 लाख लाभ)
- बड़े मसाला ब्रांडों से भरा बाज़ार
- फ़सल के साथ मसालों के दाम ऊपर-नीचे
- मिलावट की शिकायत से बचने के लिए सावधान जाँच ज़रूरी
कौन-से हुनर चाहिए
- एक जैसे स्वाद के लिए भूनना और पीसना
- सही दाम पर मसाले और चावल ख़रीदना
- FSSAI नियमों के अनुसार पैकिंग और लेबल
- किराना दुकानों और सुपरमार्केट को बेचना
कठिनाई 2/5 क्यों: मशीनें साधारण और लागत कम, पर मार्जिन पतला और बाज़ार भरा हुआ।
§3बाज़ार
कौन ख़रीदता है
- घर
- किराना दुकानें और सुपरमार्केट
- होटल और कैटरर
कैसे बिकता है
- स्थानीय खुदरा दुकानें
- वितरक और सुपरमार्केट
जानने लायक
- प्रोफ़ाइल कहती है कि छोटे पैक में बिना मिलावट वाले मसालों और करी पाउडर की माँग बढ़ रही है।
- प्रोफ़ाइल में पहले साल की बिक्री 60% क्षमता पर ₹78.81 लाख है।
§4कच्चा माल और मशीनें
| सामान | संख्या | लागत |
|---|---|---|
| मल्टी-मिल पल्वराइज़र (एक तरफ़ 12" दोहरा सिर, दूसरी तरफ़ 12" एकल सिर) | 1 | ₹59,500 |
| 10 HP मोटर, स्टार्टर, स्विच और कैपेसिटर सहित | 2 | ₹54,000 |
| 12" डिसइंटीग्रेटर, स्टैंड सहित | 1 | ₹36,000 |
| उरुली रोस्टर, 15 kg प्रति बैच, बिजली मोटर सहित | 1 | ₹28,500 |
| आटा चक्की के पुर्ज़े (मोटर पुली, बेल्ट, रेल, नींव बोल्ट, बेल्ट गार्ड) | 1 | ₹30,000 |
| एकल-सिर पल्वराइज़र | 1 | ₹26,000 |
| 4-बोल्ट ऑयल एक्सपेलर | 1 | ₹92,000 |
| इलेक्ट्रॉनिक तराज़ू | 1 | ₹14,500 |
| कंट्रोल पैनल | 1 | ₹29,500 |
स्रोत: ni-msme project profile — Curry and Rice Powder
- चावल60% क्षमता पर महीने में 1,930 kg, ₹25 प्रति kg
- मिर्चमहीने में 605 kg, ₹80 प्रति kg
- धनियामहीने में 605 kg, ₹80 प्रति kg
- हल्दीमहीने में 605 kg, ₹85 प्रति kg
- मसाले (करी पाउडर के लिए)महीने में 605 kg, ₹170 प्रति kg
- जड़ी-बूटियाँमहीने में 605 kg, ₹400 प्रति kg
- खोपरामहीने में 377.5 kg, ₹102 प्रति kg, नारियल तेल के लिए
- पैकिंग सामग्रीमहीने में 60 kg, ₹80 प्रति kg
स्रोत: ni-msme project profile — Curry and Rice Powder
कच्चे माल के डेटाबेस में
§5लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन
- FSSAI लाइसेंस
- उद्यम (Udyam) पंजीकरण
- GST पंजीकरण
- पैक माल के लिए लीगल मेट्रोलॉजी पंजीकरण
- AGMARK (वैकल्पिक, भरोसा बढ़ाता है)
§6योजनाएँ और सब्सिडी
- PMFMECentralअस्पष्ट35% सब्सिडी, अधिकतम ₹10 लाख
- PMEGPCentralचालू15–35% सब्सिडी
- MudraCentralचालू₹20 लाख तक कर्ज़, बिना कोलैटरल
- CGTMSECentralचालूबिना कोलैटरल, ₹10 करोड़ तक
ऐसी सूक्ष्म खाद्य इकाई पर PMFME लागू; ₹6.66 लाख की परियोजना पर PMEGP और MUDRA लागू; बिना गारंटी कर्ज़ के लिए CGTMSE।
§7पैसा
निवेश का आधार: प्लांट और मशीनरी ₹3,96,400 + प्रारंभिक ख़र्च ₹47,000 + कार्यशील पूँजी ₹2,22,100 = ₹6,65,500। ज़मीन और भवन प्रमोटर के अपने (लागत में नहीं जोड़े)।
चालू पूँजी (वर्किंग कैपिटल): परियोजना लागत में कार्यशील पूँजी ₹2,22,100; इसमें 6 दिन का कच्चा माल और 1-1 दिन का अधबना माल, तैयार माल और बकाया वसूली।
ni-msme प्रोफ़ाइल पर साल नहीं छपा; मशीनों पर VAT लगाया गया है, यानी यह GST (2017) से पहले का है — आज के दाम जाँच लें।
§8निर्यात की संभावना
निर्यात से पहले HS कोड DGFT ITC(HS) सूची में पक्का करें
निर्यात परिषद / बोर्ड: Spices Board India
- मसाला निर्यातक स्पाइसेज़ बोर्ड में पंजीकरण कराते हैं।
- माल भेजने से पहले 8 अंकों वाली ITC(HS) लाइन DGFT या अपने कस्टम ब्रोकर से पक्की करें।
- पहली खेप से पहले DGFT से आयात-निर्यात कोड (IEC) लेना ज़रूरी है।
§9जोखिम — लोग कहाँ नाकाम होते हैं
- मसालों के दाम में उतार-चढ़ाव
- ब्रांडों से होड़
- खाद्य-सुरक्षा या मिलावट की शिकायत
- माल में नमी और कीड़े
§1030 / 60 / 90 दिन की योजना
यह आम योजना है, जो हर बिज़नेस पर लागू होती है। इस बिज़नेस की ख़ास योजना शोध के बाद जोड़ी जाएगी।
- दिन 1–30: करी पाउडर और चावल पाउडर इकाई की एक चालू यूनिट देखने जाएँ, 10 खरीदारों से दाम और मात्रा पूछें, और 3 सप्लायरों से कोटेशन लें।
- दिन 31–60: Udyam (उद्यम) रजिस्ट्रेशन और ज़रूरी लाइसेंस (FSSAI लाइसेंस, उद्यम (Udyam) पंजीकरण), प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR), और योजना या लोन की फ़ाइल।
- दिन 61–90: जगह और मशीनें, ट्रायल उत्पादन, और पहले 10 ग्राहकों तक माल।
§11किससे जुड़ें
एसोसिएशन, क्लस्टर और ट्रेनिंग संस्थान — इनकी सूची बन रही है। जुड़ें
§12देखें
इस बिज़नेस पर अभी कोई एपिसोड नहीं आया है। पॉडकास्ट पर शो जल्द आ रहे हैं।
करी पाउडर और चावल पाउडर इकाई शुरू करना है?
DPR, लोन फ़ाइल या रजिस्ट्रेशन — WhatsApp पर पूछें।
¶स्रोत
डेटा की समीक्षा: 6 अक्टूबर 2026. कोई गलती दिखी? हमें बताएँ. सिर्फ़ जानकारी के लिए — यह कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं है।
