कहानी
अरनमुला कन्नाडी काँच का नहीं, बल्कि चमकाए गए ताँबा-टिन मिश्रधातु का दर्पण है, जिसका सटीक नुस्ख़ा परिवार का रहस्य है। कथा है कि अरनमुला पार्थसारथी मंदिर में काम के लिए तमिलनाडु से कारीगर परिवार लाए गए और उन्होंने यह मिश्रधातु खोजी। यह दर्पण केरल के अष्टमंगल्यम सेट की शुभ वस्तुओं में है और लोकप्रिय उपहार है। अब केवल कुछ विश्वकर्मा परिवार इसे बनाते हैं, और इस शिल्प को भारत के सबसे पहले GI टैगों में से एक मिला है।
आँकड़ों में
अरनमुला के एक कारीगर के अनुसार इस शिल्प में 10 से कम परिवार बचे हैं।
Mirrors of Aranmula: How artisans of Kerala are fighting hard to keep a tradition alive — The News Minuteअरनमुला कन्नाडी (अरनमुला धातु दर्पण) पंजीकृत GI है (आवेदन 3, प्रमाणपत्र 10)।
GI Registry — Aranmula Kannadi, application 3
GI टैग
- Aranmula Kannadi (Aranmula Metal Mirror)आवेदन संख्या GI Application No. 3 (Certificate No. 10)GI Registry, Intellectual Property India — application 3
नए उद्यमी के लिए रास्ते
- GI प्रमाणपत्र के साथ प्रीमियम उपहार और कॉरपोरेट ऑर्डर
- प्रामाणिकता कार्ड के साथ ऑनलाइन बिक्री
- दर्पण निर्माताओं के लिए फ़्रेम और पैकेजिंग
- अरनमुला वर्कशॉप के शिल्प-पर्यटन दौरे
क्लस्टर की मुश्किलें
- बहुत कम कारीगर परिवार
- काँच या सस्ती धातु से बनी नक़ल
- धीमा, हुनर वाला काम और नाज़ुक उत्पाद
- धातु के बढ़ते दाम
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